जेएनयू की घटना के विरोध में अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद ने शुक्रवार को वामपंथी संगठनों का पुतला फूंक कर विरोध जताया। घटना की निंदा की और कहा कि वामपंथी देश को तोड़ने की साजिश कर रहे हैं।
वही टीडी कालेज छात्र संगठन ने जेएनयू छात्रसंघ के अध्यक्ष को मुकदमे में फंसाए जाने की निंदा की। जुलूस निकालकर देश में शांति पूर्ण माहौल बनाने की मांग की। छात्रों के आंदोलन को देखते टीडी कालेज रोड पर बड़ी
संख्या में पुलिस तैनात रही। सीओ ने पुतला फूंक रहे छात्रों को हटा दिया। अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद ने ओलंदगंज में वामपंथी संगठनों और राहुल गांधी का संयुक्त रूप से पुतला फूंक कर विरोध जताया। जिला संयोजक
नितेश सिंह ने कहा कि आतंकवादियों का समर्थन करने वालों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया जाए। जेएनयू की घटना से पूरा देश स्तब्ध है। नगर मंत्री विकास ओझा ने कहा कि इस घटना से हर देश भक्त आक्रोशित है।
इस मौके पर ऋषिकेश श्रीवास्तव, सचिन तिवारी, दिग्विजय सिंह, सिद्धार्थ सिंह, आलोक रंजन, प्रदीप, भावेश, संदीप, गौरव, सर्वेश, विमल, चंदन, विशाल आदि मौजूद थे। पुतला दहन करने के बाद डीएम को पत्रक सौंपा।
इस दौरान पुलिस और कार्यकर्ताओं में झड़प हुई। टीडी कालेज छात्र संघ के अध्यक्ष नवनीत यादव बिट्टू के साथ छात्रों ने जुलूस निकालकर देश में शांति पूर्ण माहौल बनाने की मांग की। टीडी कालेज गेट से जुलूस निकालकर शहर
का भ्रमण किया। छात्रों की भीड़ को देखते हुए पुलिस ने छात्र नेता नवनीत को हिरासत में ले लिया। इस मौके पर उन्होंने कहा कि राजनैतिक लाभ के लिए जेएनयू को बदनाम किया जा रहा है। जुलूस में शामिल लोग जेएनयू के
छात्र नेता कन्हैया की पिटाई की निंदा करते हुए आगे बढ़ रहे थे। बाद में नवनीत को कचहरी परिसर में छोड़ दिया गया। नवनीत ने कहा कि बीएचयू के दीक्षांत समारोह में भाग लेने आ रहे प्रधानमंत्री का छात्रसंघ विरोध करेगा। इस मौके पर विनोद शर्मा, प्रदीप यादव, विकास, रोहित, रवि, दीपक, निलेश, आदि मौजूद थे।