फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

बसपा ने प्रत्याशी जयप्रकाश दुबे पर फोड़ा मल्हनी उपचुनाव में हार का ठिकरा, पार्टी से किया निष्कासित

Fri, 13 Nov 2020 06:45 PM IST
विचित्र सिंह न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जौनपुर

सार

  • कहाः पूरे चुनाव में निष्क्रिय होकर किया काम, संगठन के कार्यकर्ताओं की हुई उपेक्षा
विज्ञापन
बसपा
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

मल्हनी विधानसभा के उपचुनाव में मिली करारी हार का साइड इफेक्ट अब सामने आने लगा है। समीक्षा के बाद कार्रवाई भी शुरू हो गई है। बसपा ने उपचुवाव में हार का ठिकरा प्रत्याशी पर फोड़ते हुए उन्हें पार्टी से निष्कासित कर दिया है। आरोप है कि चुनाव के दौरान प्रत्याशी निष्क्रिय रहे। पार्टी नेताओं और कार्यकर्ताओं की अनदेखी करते हुए मनमानी की। इसके चलते पार्टी को बेस वोट भी नहीं मिल सके।

विज्ञापन


साल 2009 के उपचुनाव में मल्हनी (रारी) से बसपा के राजदेव सिंह निर्वाचित हुए थे। उन्हें 75 हजार से अधिक वोट मिले। वर्ष 2012 बसपा से पाणिनी सिंह ने 45841 वोट पाए, जबकि वर्ष 2017 के चुनाव में प्रमोद यादव को 46011 वोट मिले। इस बार बसपा ने जयप्रकाश दुबे के रुप में ब्राह्मण चेहरे पर दांव लगाया था। उम्मीद थी कि पार्टी के बेस वोट के साथ ब्राह्मण मतदाताओं के साथ आने से मल्हनी में फिर से नीला परचम फहराएगा। 

विज्ञापन

इसके उलट उपचुनाव में बसपा को सिर्फ 25180 वोट ही मिले। प्रत्याशी को जमानत भी गंवानी पड़ी। 22 बूथ ऐसे रहे, जहां बसपा का खाता भी नहीं खुल सका। पचास से भी अधिक बूथों पर दहाई का आंकड़ा भी पार्टी नहीं छू सकी। बसपा की इस दुर्गति की खबर अमर उजाला ने 12 नवंबर के अंक में प्रमुखता से प्रकाशित किया। इसके बाद हरकत में आए पार्टी नेतृत्व ने समीक्षा शुरू की। 

हार का ठिकरा प्रत्याशी पर फोड़ते हुए उन्हें पार्टी से निष्कासित कर दिया गया है। वाराणसी मंडल के मुख्य सेक्टर प्रभारी अमरजीत गौतम का कहना है कि उपचुनाव को प्रत्याशी ने गंभीरता से नहीं लिया। संगठन के कार्यकर्ताओं की उपेक्षा करते हुए वरिष्ठ पदाधिकारियों के समझाने के बाद भी सुधार नहीं किया। मनमाने ढंग से निष्क्रिय होकर कार्य करते रहे। 

चुनाव प्रचार के लिए वाहनों की झूठी संख्या बताई जाती रही। कार्यक्रमों में भी कोई ब्राह्मण मतदाता नहीं पहुंचता था। कई गांवों में प्रत्याशी गए भी नहीं। मल्हनी में पार्टी को हमेशा से 45-50 हजार वोट मिलते रहे हैं, लेकिन प्रत्याशी की निष्क्रियता से यह आधे हो गए। समीक्षा के बाद पार्टी नेतृत्व के निर्देश पर जयप्रकाश दुबे को निष्कासित कर दिया गया है।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें