सिरकोनी (जौनपुर)। जफराबाद थाना क्षेत्र के गांव बशीरपुर में प्रधानमंत्री आवास के लिए सर्वे और सूची को लेकर रविवार की शाम उपजा विवाद और बढ़ गया। सोमवार को बीडीसी सदस्य पक्ष ने शराब ठेके को लेकर आरोपी पक्ष का मड़हा फूंक दिया। स्थिति को नियंत्रित करने के पुलिस ने गांव को छावनी में तब्दील कर दिया है। सीओ सिटी आयुष श्रीवास्तव ने बताया कि इस मामले में देर शाम 60 लोगों के खिलाफ शांतिभंग, तोड़फोड़, बलवा समेत आठ धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया है।
रविवार की शाम बशीरपुर गांव में पीएम आवास के सर्वे को लेकर हुए विवाद में बीडीसी सदस्य और उनका चचेरा भाई गाेली लगने से गंभीर रूप से घायल हो गए थे। पड़ोसी पर धारदार हथियार से हमला हुआ था। इस मामले में पुलिस ने पांच लोगों पर मुकदमा करते हुए तीन को गिरफ्तार किया है। सोमवार को सुबह मामला फिर बिगड़ गया। आरोपी रामहित के भाई रामजस के मकान में देसी शराब की दुकान खोलने पहुंचे गद्दीदार को देख बस्ती के लोग भड़क गए। आरोप है कि बीडीसी सदस्य पक्ष के लोगों ने दुकान के पीछे बने अर्धनिर्मित ढांचे में तोड़फोड़ की और मड़हे को आग के हवाले कर दिया। आगजनी की सूचना पर सीओ सिटी आयुष श्रीवास्तव और प्रभारी निरीक्षक जफराबाद जय प्रकाश यादव मौके पर पहुंचे, लेकिन तब तक भीड़ वहां से जा चुकी थी।
सोमवार को पूरे दिन बशीरपुर गांव की दोनों बस्तियों में पुलिस और अधिकारियों की गश्त जारी रही। स्थिति तनावपूर्ण बनी हुई है। प्रभारी निरीक्षक जय प्रकाश यादव ने बताया कि सोमवार को जांच के दौरान प्रधान पक्ष का लाइसेंसी रिवाल्वर और भारी मात्रा में खोखा बरामद किया गया। गोलीकांड के पांच आरोपियों में से रामहित निषाद व उनके पुत्र अविनाश निषाद तथा भतीजे पंकज उर्फ रिंकू निषाद को गिरफ्तार कर लिया गया है। दो आरोपियों को पकड़ने के लिए दबिश दी जा रही है। रविवार को घटना के बाद गांव में पुलिस बल तैनात कर दिया गया।
गोलीकांड को लेकर होती रही चर्चा
पीड़ित पक्ष आरोप लगा रहा कि प्रधान पक्ष के मनबढ़ लोगों ने आवास सर्वे से नाराज होकर मनीष के साथ गाली गलौज तथा मारपीट की थी। कुछ लोगों ने बताया कि जब मनीष तथा प्रधान पक्ष में कहासुनी हो रही थी तभी किसी ने पुलिस को सूचना दे दी थी। दो सिपाही रामहित के मकान के पास पहुंच गए थे। इसी दौरान दूसरे पक्ष ने पथराव कर दिया। गोलियां भी चलाई गईं। हालांकि पुलिस की ओर से इसकी पुष्टि नहीं की गई।