लखनऊ में बिजली कर्मचारियों पर हुए लाठीचार्ज के विरोध में गुरुवार को हुसैनाबाद हाइडिल परिसर में कर्मचारियों ने काली पट्टी बांधकर विरोध प्रदर्शन किया।
कर्मचारियों ने कहा कि सरकार की तानाशाही के चलते बिजली कर्मचारियों का शोषण हो रहा है। अपनी आवाज उठाते हैं तो उन्हें लाठी खानी पड़ती है।
अध्यक्षता कर रहे विजय गुप्ता ने कहा कि अपनी मांगाें को लेकर लखनऊ में प्रदर्शन कर रहे बिजली कर्मचारियों पर लाठी चार्ज कर तानाशाही का प्रदर्शन किया है।
इसके विरोध में प्रांत के संयुक्त संघर्ष समिति के निर्देश पर कर्मचारियों ने काली पट्टी बांधकर धरना प्रदर्शन किया। इस मौके पर अंकित श्रीवास्तव, बृजेश पांडेय, संजय यादव, महेंद्र यादव, महेंद्र पटेल, रवींद्र सिंह, असगर मेंहदी, चंद्रशेखर उपाध्याय, विश्राम मौर्या, कमलेश यादव, राज कुमार, रवींद्र सिंह, संतराम, धर्मवीर, अभिनंदन सिंह, कमला पांडेय, मुक्तेश चंद्र श्रीवास्तव, अशोक मौर्या, रतन श्रीवास्तव, राजा यादव, जंग बहादुर यादव, उमाशंकर यादव, अवधेंद्र चौबे आदि मौजूद थे। संचालन बिजली कर्मचारी संघ के महामंत्री हेमंत श्रीवास्तव ने किया।
मुंगराबादशाहपुर: स्थानीय विद्युत उपकेंद्र पर तैनात कर्मचारियों ने लखनऊ में साथियों पर हुई लाठीचार्ज की घटना के विरोध में काली पट्टी बांधकर धरना दिया। धरने में मो. सलीम, अजीज अहमद, अरशद, कल्लू, शहाबुद्दीन, रमेश पटेल, हनुमान, लालचंद्र, चंद्रसेन सिंह, बनवारी लाल मौजूद थे।