सिकरारा के दुदौली गांव में दीवार गिरने से वृद्ध की मौत के बाद रोते बिलखते घर वाले।
बारिश के चलते मकान गिरने का सिलसिला थम नहीं रहा है। सोमवार को सिकरारा के दुदौली गांव में कच्चा मकान गिरने से उसके मलबे में दबकर वृद्ध की मौत हो गई जबकि जफराबाद कस्बे के नासही मोहल्ले में मकान ढहने से उसके मलबे की चपेट में आने से तीन महिलाएं घायल हो गई।
उधर बक्शा के चकपनिगासन गांव की बिंद बस्ती में भी मकान ढह गया। सिकरारा प्रतिनिधि के अनुसार दुदौली गांव की दलित बस्ती निवासी तालुकादार गौतम (60) दोपहर में कच्चे मकान में सो रहे थे। उसी दौरान मकान ढह गया जिससे मलबे में दबकर तालुकेदार की मौैत हो गई। मलबे की चपेट में आई एक बकरी की भी मौत हो गई।
सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। जफराबाद प्रतिनिधि के अनुसार कस्बे के नासही मोहल्ला निवासी श्यामा देवी अपनी दो बहुएं रूपा और संजू देवी के साथ कच्चे मकान के रसोई घर में खाना बना रही थीं। उसी दौरान मकान ढह गई। जिससे तीनों घायल हो गई।
सोमवार की रात्रि श्यामा देवी अपनी चारपाई पर लेटी थी। और दोनो बहु रूपा और संजू खाना बनाने में मशगुल थी। अचानक घर की दिवालें फटने लगी। रूपा को समझ आ गया कि उसका घर गिर रहा है। उसने शोर मचाया कि सभी घर से निकलो। लेकिन घर से निकलते निकलते तीनो चोटहिल हो गयी।
श्यामा को सर में चोट आयी है जब कि रूपा और संजू को हांथ पर कड़ी गिर जाने उसे चोट लगी। तीनो का इलाज स्थानीय डा. के यहां कराया गया। फिलहाल परिवार खुले आसमान के नीचे आ गया है। बक्शा प्रतिनिधि के अनुसार चकपनिगासन गांव की बिंद बस्ती निवासी मोतीलाल, पांचू और चंद्रावती का अलग अलग परिवार एक ही मकान में रहता था।
रात में मकान अचानक ढह गया। संयोग था कि उस वक्त तीनों परिवारों के सभी सदस्य बाहर छप्पर में थे। जिससे कोेई हादसा नहीं हुआ। घर में रखा गृहस्थी का सारा सामान चौपट हो गया।