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Jaunpur News: विध्यांचल के बाद चौकिया धाम में शुरू हुआ पंडा परिवार में विवाद, एक ने अपने समाज पर लगाए गंभीर आरोप

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जौनपुर। विध्यांचल के बाद पंडा परिवार का विवाद पूर्वांचल के आस्था का केंद्र शीतला चौकियां धाम में भी पहुंच गया। इसमें सुरेंद्र कुमार श्रीमाली ने बृहस्पतिवार को कलेक्ट्रेट में पत्रकार वार्ता कर अपने ही समाज पर हमला बोलते हुए गंभीर आरोप लगाए। कहा कि एडीएम के आदेश के बाद भी विपक्षीगण उनको मंदिर से बेदखल कर दिए और जान से मारने की धमकी दे रहे हैं। सुरेंद्र श्रीमाली ने बताया कि मंदिर में भ्रष्टाचार चरम पर है। लंबी लाइन होने पर श्रद्धालुओं से 5100 रुपये लेकर दर्शन कराया जा रहा है। इस मामले की शिकायत सीएम योगी आदित्यनाथ से की जाएगी। बताया कि वे भाजपा के देवचंदपुर बूथ के अध्यक्ष हैं। करीब दो साल से मुझे मंदिर से बेदखल करके जान से मारने की धमकी दी जा रही है। कहा जा रहा है कि तुम मंदिर में घुसोगे तो तुम्हारा हाथ-पैर तोड़ दूंगा। विपक्षी मंत्री के करीबी है और उनसे सच्चाई छुपाकर हमे परेशान किया जा रहा है। अधिकारियों पर दबाव डाला जा रहा है। अपने अधिकार के लिए मैंने डीएम, डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य से भी गुहार लगा चुका हूं। बीते चार फरवरी को चौकियां चौकी पर पुलिस के सामने समझौता हुआ था। इसके बाद जब मैं गद्दी पर बैठने गया तो मुझे व मेरे बेटे को धक्का मारकर गाली देते हुए बेइज्जत करते हुए गांव से बाहर करते हुए पांच घंटे लाइन बाजार थाने पर बैठाया गया। 15 दिन बाद कुंभ मेले के बाद दोनों पक्षों को बुलाने की बात कहकर वहां से भेजा गया लेकिन इतने दिन बाद भी आज तक कोई सुनवाई नहीं हुई। उनके पूर्वज व विपक्षी के पूर्वज पंडा पुजारी का कार्य करते रहे। दो सप्ताह उनकी पारी चलती रही फिर सात सप्ताह विपक्षियों की पारी चलती है। परंपरा चली आ रही थी। इसलिए नौ सप्ताह की पारी थी। मेरा हक भी छिना गया और फब्तियां भी कसी जा रही हैं। ऐसे में मेरे परिवार के जीविकोपार्जन के लिए मैं न्याय की गुहार लगा रहा हूं।
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एक-एक सप्ताह की सात पंडा परिवारों की चलती है पारी-महंत विवेकानंद पंडा ने बताया कि कि चौकियां धाम मंदिर में पूजा-पाठ के लिए आठ परिवार की सात-सात दिनों की पारी चलती है। इसमें महंत विवेकानंद पंडा, अजय पंडा, शांति दत्त पंडा, भरत श्याम पंडा, विजय पंडा, लल्लन पंडा और दिनेश पंडा के परिवार की पारी 7-7 दिनों के लिए चल रही है। 80-90 साल से महंत की गद्दी पर मेरा परिवार बैठता आया है। पंडा समाज ने सर्वसम्मत से मुझे महंत चुना है।

मारने-पीटने की बात पूरी तरह से झूठी :महंत विवेकानंद पंडा ने बताया कि मारने-पीटने की बात पूरी तर से झूठी है। वजह कि मंदिर परिसर में चारों तरफ सीसीटीवी लगा हुआ है। परिसर में होने वाली हर गतिविधि कैद होती रहती है। इस वजह से अगर किसी प्रकार की अभद्रता व मारपीट होती तो वह कैमरे की जद में आएगा।
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ढाई साल पहले सुरेंद्र ने कोर्ट में दाखिल किया मुकदमा-महंत विवेकानंद पंडा ने बताया कि साल 2006 में सुरेंद्र श्रीमाली ने कोर्ट में मंदिर की पारी मिलने को लेकर मुकदमा दाखिल किया है। हालांकि उनके परिवार के लोग पहले गद्दी की पारी निभा चुके हैं। मामला कोर्ट में है। कोर्ट के निर्णय के मुताबिक आगे की कार्रवाई निर्भर करेगी।
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