इन आठ बिंदुओं पर होगी कार्रवाई
- पिछले दस वर्षों में जिले के कुल 570 चिन्हित अभियुक्तों का सत्यापन।
- हिस्ट्रीशीट और गैंगस्टर की करवाई की जाएगी, जांच क बाद पशुतस्करी से प्राप्त संपत्तियों की जब्ती/ कुर्की की करवाई भी की जाएगी।
- गांवों में बीट कर्मियों को सक्रिय कर के ऐसे लोगो को चिह्नित किया जाएगा जो निराश्रित पशुओं को जमा कर पशु तस्करों को बेचते हैं या उनकी मदद करते हैं। उन पर कार्रवाई की जाएगी।
- जिले के सभी योद्धा पिकअप और बोलेरो पिकअप का सत्यापन कर उनकी नंबर कोडिंग की जाएगी, एक विशेष प्लेट छत पर लगाई जाएगी, ताकि सीसीटीवी कैमरों में जब नंबर प्लेट न पढ़ने में आए तो इन नंबर कोडिंग से पिकअप की पहचान हो सके।
- जिले भर में अभियान चलाकर जिन पिकअप गाड़ियों में बंपर गार्ड पाए जाएं उनको तत्काल सीज किया जायेग।
- जिले में पिकअप वाहनों को मोडिफाई/ बम्पर गार्ड लगाने वाले दुकानों पर मोटर व्हीकल एक्ट के तहत कार्रवाई की जाएगी।
- न्यायालय में चल रहे पुराने पशु तस्करी के मामलों में प्रभावी पैरवी कर सजा दिलाई जाएगी।
- जिले में 400 स्पेशल बैरिकेड्स बनवाए जा रहे हैं एक बैरिकेड का वजन डेढ़ क्विंटल रहेगा। इन बैरिकेड्स को जनपद के नवनिर्मित 110 पुलिस बूथों, थाना, पुलिस चौकी एवं पुराने पुलिस बूथों समेत कुल 200 से भी अधिक चेक प्वाइंट्स और नाकेबंदी वाली जगहों पर स्थापित किया जाएगा।
- सभी चेक प्वाइंट्स, पुलिस बूथों पर इंटीग्रेटेड सर्विलांस कैमरे भी स्थापित कर कंट्रोल रूम से जोड़े जाएंगे। इन कैमरों के निगरानी प्रभारी एसपी सिटी होंगे।
बोले अधिकारी
पशुतस्करों के खिलाफ कार्रवाई के लिए बनाई गई रणनीति के तहत बृहस्पतिवार से कार्रवाई शुरू हो गई है। 7 दिन में 570 पशुतस्करों के खिलाफ कार्रवाई का लक्ष्य है। अगले एक महीने में पशुतस्करी पर बहुत हद तक लगाम लगा दी जाएगी। - डॉ. कौस्तुभ, पुलिस अधीक्षक, जौनपुर
पराऊगंज चौकी प्रभारी प्रतिमा को चार दिन बाद आया होश, हालत में सुधार
जलालपुर थाना क्षेत्र अंतर्गत पराऊगंज चौकी प्रभारी प्रतिमा सिंह को बीते बुधवार को पशुतस्कराें ने निशाना बनाया था। इनके साथ तीन सिपाही भी घायल थे। सभी की हालत गंभीर देखते हुए सभी को वाराणसी के बीएचयू ट्रामा सेंटर में भर्ती कराया गया था। चार दिन तक एसआई प्रमिता की हालत काफी गंभीर थी।
परिजनों ने बताया कि चार दिनों बाद प्रतिमा को होश आया। अब हालत में सुधार हो रहा है। प्रतिमा को सिर और दाहिने हाथ में गंभीर चोटें आई हैं। सिर में क्लॉटिंग हुई है और दाहिना हाथ फैक्चर है। वहीं, तीन सिपाहियों की हालत में सुधार के बाद उन्हें अस्पताल से छुट्टी दे दी गई है।
पुलिस ने अभियान चलाकर पिकअप गाड़ियों पर अंकित करवाया कोड
गो-तस्करी पर अंकुश लगाने के लिए पुलिस ने बृहस्पतिवार को कोतवाली क्षेत्र में पुलिस ने अभियान चलाकर पिकअप मालिकों को वाहन सहित कोतवाली बुलाकर उनके वाहनों पर सत्यापन कोड अंकित करवाया। प्रभारी निरीक्षक मनोज कुमार पांडेय ने बताया कि हल्के ब्राउन रंग पर काले कलर में सत्यापन कोड बीडी 1, 2, 3 क्रमशः अंकित करवाया जा रहा है।
उन्होंने कहा कि इससे वाहन कहीं भी जायेगा तो पुलिस का कोड देखकर ही पता चल जाएगा कि यह वाहन किस थाना क्षेत्र का है। साथ ही गोतस्करी व अन्य अपराधों पर भी अंकुश लगेगा। वाहन अगर कही होगा तो साफ पता चल जाएगा कि अमुक थाना क्षेत्र के किस व्यक्ति का वाहन है। इतना ही नहीं सभी के बंफर को भी हटवाया जा रहा है ताकि भागते समय किसी वाहन को धक्का न मार सके।