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मुंगराबादशाहपुर में चक्रवाती तूफान का कहर

Tue, 28 May 2013 05:30 AM IST
Jaunpur
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मुंगराबादशाहपुर। क्षेत्र में सोमवार को चक्रवाती तूफान ने कहर बरपाया। तूफान में गोधुवां गांव में कच्चा मकान ढह गया। उसमें दबकर एक महिला की मौके पर ही मौत हो गई। दूसरी महिला गंभीर रूप से घायल हो गई। परिजन उसे पास के ही निजी चिकित्सालय ले गए। तूफान में कई जगह के बिजली खंभे भी उखड़ गए। इस नाते 66 गांव की बिजली आपूर्ति ठप हो गई। वहीं सीएचसी की बाउंड्रीवाल और दर्जन भर पेड़ भी उखड़ गए। पेड़ गिरने से काफी देर तक इलाहाबाद-जौनपुर मार्ग पर जाम जैसी स्थिति बनी रही। खास बात यह रही कि तूफान का असर दस किलोमीटर के भी कम दायरे में था। मछलीशहर तक भी तूफान का कोई असर नहीं देखा गया।
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रविवार को मीरगंज थाना क्षेत्र के बभनियांव गांव निवासी सुरपत्ती देवी पत्नी सियाराम अपने मायके गोधुवां गांव किसी वैवाहिक कार्यक्रम में शामिल होने आई थीं। सोमवार को जब चक्रवाती तूफान आया तो वह गोधुवां गांव स्थित मायके में थीं। तूफान आने के समय वह कच्चे मकान में बैठी थी। इसी दौरान करीब एक बजे हल्की बारिश शुरू हुई। बारिश आधा घंटा तक होती रही। इसके बाद हवा चलने लगी। देखते ही देखते हवा तेज हो गई और तूफान का रूप ले लिया। तभी गोधुवां गांव में अचानक कच्चा मकान एक ओर से गिर भरभरा कर गिरा। जबतक उसमें बैठी सुरपत्ती (60) और उनके साथ मकान में बैठी दूसरी महिला गेंदा (55) पत्नी महावीर कुछ समझ पाती अचानक मकान गिर गया। दोनों मकान में दब गईं। मकान ढहते ही लोग बचाने के लिए दौड़े। लोग जबतक मलबे से निकलाते सुरपत्ती की मौके पर ही मौत हो गई थी। जबकि गेंदा को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया। उसे पास के ही एक निजी चिकित्सालय में भर्ती कराया गया है। सूचना पर पहुंची पुलिस ने सुरपत्ती के शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। चक्रवाती तूफान का कहर इतने में ही नहीं थमा। करीब एक घंटे तक चले तूफान में सतहरिया पीएचसी की बाउंड्रीवाल भरभरा कर गिर गई। इसके अलावा इलाहाबाद-जौनपुर राजमार्ग पर लगे करीब एक दर्जन से अधिक पेड़ भी गिर गए। संयोग था कि पेड़ किसी वाहन पर नहीं गिरा नहीं तो बड़ी घटना से भी इनकार नहीं किया जा सकता था। रोड के बीचो-बीच पेड़ गिरने से राष्ट्रीय राजमार्ग पर जाम जैसी स्थिति बन गई। रोड के दोनों ओर वाहनों की लंबी कतार लग गई। स्थानीय लोगों की मदद से पेड़ हटाया गया। करीब दो घंटे के बाद पेड़ हटा इसके बाद वाहन आगे बढ़ सके। क्षेत्र में सबसे अधिक नुकसान बिजली खंभे उखड़ने के चलते हुए। कई जगह का बिजली खंभा उखड़ गया। इस नाते करीब 66 गांव की बिजली आपूर्ति बाधित हो गई।
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