मोहम्मद हसन इंटरमीडिएट कालेज का प्रांगण रविवार को भव्य सामूहिक विवाह के आयोजन का साक्षी बना। सामाजिक संस्था जेब्रा की ओर से आयोजित समारोह में विधि-विधान से 63 गरीब कन्याओं के हाथ पीले किए गए।
वैदिक मंत्रोच्चार के बीच उपरोहितों ने सभी जोड़ों का पाणिग्रहण संपन्न कराया। इस मौके पर जिले के तमाम संभ्रांत लोगों के अलावा दूसरे जिलों से आए लोगों ने भी वर-वधू को आशीर्वाद प्रदान कर उनके सुखद भविष्य की कामना की।
नवविवाहित जोड़ों को दैनिक उपयोग से जुड़ी सामग्री और आभूषण उपहार स्वरूप भेंटकर विदा किया गया।
प्रत्येक तीसरे वर्ष जेब्रा की ओर से आयोजित किए जाने वाले सामूहिक विवाह की महीनों की तैयारियां रविवार को
धरातल पर उतरीं तो लोग देखते रह गए। कहने को सामूहिक विवाह, लेकिन सारी तैयारियां किसी वैवाहिक समारोह से कम नहीं।
बारात आगमन से लेकर विदाई तक की एक-एक रस्म को विधिवत संपन्न कराया गया। नखास स्थित विसर्जन घाट से उठी बारात बाजे-गाजे के साथ सुक्खीपुर स्थित मोहम्मद हसन इंटरमीडिएट कालेज पहुंची।
वहां जमकर आतिशबाजी की गई। ऊंट, हाथी, घोड़ों पर सवार होकर निकली झांकियां वैवाहिक समारोह में चार-चांद लगा रही थीं। पहले दूल्हों को मंच पर बैठाया गया।
इसके बाद एक-एक कर 63 दुल्हनें उनका वरण करने पहुंचीं। वर और वधू से एक दूसरे को वरमाला डाली तो समूचा पंडाल तालियों की गड़गड़ाहट से गूंज उठा।
इस दौरान मंच पर मौजूद लोगों ने हर-हर महादेव के नारे भी लगाए। इसके बाद वर-वधू को मंडप में ले जाकर विवाह की सारी रस्म अदायगी की गई।
इससे पूर्व अरुणाचल प्रदेश के पूर्व राज्यपाल माता प्रसाद और पूर्व विधानसभा अध्यक्ष सुखदेव राजभर समेत कई प्रमुख लोगों ने मंच पर जाकर वर-वधू को आशीर्वाद दिया।
इस मौके पर नगर पालिका अध्यक्ष दिनेश टंडन, पूर्व विधायक हाजी अफजाल अहमद, जिला पंचायत अध्यक्ष शारदा दिनेश चौधरी, एमएलसी प्रभावती पाल, सिंगरामऊ
रियासत की महारानी डा. अंजू सिंह, साढ़े चार हजार शादियां करवा चुके रामशकल पटेल समेत तमाम गणमान्य मौजूद रहे। संस्था के अध्यक्ष संजय सेठ ने धन्यवाद ज्ञापित किया। संचालन सुशील वर्मा ने किया।