जौनपुर। संपूर्ण समाधान दिवस महज खानापूर्ति तक सिमट गया है। मंगलवार को छ: तहसीलों में आयोजित संपूर्ण समाधान दिवस में 734 फरियादियों ने गुहार लगाई। जिसमें 51 का ही निस्तारण हो सका। डीएम अरविंद मलप्पा बंगारी ने केराकत में दो लेखपालों का वेतन रोकने का आदेश दिया है।
सदर तहसील में एसडीएम मंगलेश दूबे ने समस्या सुना। जिसमें 75 प्रार्थना पत्र आए। नौ का ही निस्तारण हो सका। इस प्रकार मड़ियाहूं में 158 प्रार्थना पत्र आए जिसमें 11 का मौके पर निस्तारण हुआ। केराकत में डीएम ने कहा कि समाधान दिवस के प्रार्थना पत्रों का निस्तारण अधिकारी पारदर्शिता के साथ समय से सुनिश्चित करें। इसमें किसी तरह की लापरवाही करने वाले बख्शे नहीं जाएंगे। जो भी अधिकारी बगैर अवकाश या सूचना के संपूर्ण समाधान में अनुपस्थित रहेंगे उनके खिलाफ भी कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने ग्राम भड़ेहरी के लेखपाल रोहित राजवंशी व जमसार के लेखपाल लल्लन प्रसाद का वेतन रोकने का आदेश दिया। इस अवसर पर 211 प्रार्थना पत्रों में 10 का निस्तारण किया गया। बैठक में सीएमओ डा. रामजी पांडेय, सीडीओ गौरव वर्मा, मुख्य राजस्व अधिकारी राम आसरे सिंह, एसपी सिटी डा. अनिल पांडेय, एसडीएम चंद्रेश सिंह, तहसीलदार श्रीप्रकाश गुप्ता आदि उपस्थित रहे। मछलीशहर: उपजिलाधिकारी जेएन सचान की अध्यक्षता में समाधान दिवस का आयोजन तहसील सभागार में किया गया। जिसमें 78 शिकायतें पड़ीं और 6 शिकायतों का निस्तारण मौके पर किया गया। आयोजन में तहसीलदार कौशलेश कुमार मिश्रा, अधिशासी अधिकारी धीरज कुमार सिंह, खंड शिक्षा अधिकारी शैलपति यादव आदि उपस्थित रहे। शाहगंज: तहसील सभागार में मंगलवार को उप जिलाधिकारी राजेश कुमार वर्मा की अध्यक्षता में आयोजित संपूर्ण समाधान दिवस में फरियादियों द्वारा कुल 83 प्रार्थना पत्र पड़े। जिनमें 12 मामलों का मौके पर निस्तारण किया गया। शेष को संबंधित विभागों को निस्तारण के लिए प्रेषित कर दिया गया। इस अवसर पर क्षेत्राधिकारी अजय कुमार श्रीवास्तव, तहसीलदार अभिषेक राय, चिकित्साधीक्षक डा. डीएस यादव, एसडीओ विद्युत दीपक जायसवाल, श्रीराम शुक्ला आदि मौजूद रहे। बदलापुर: एडीएम आरपी मिश्र की अध्यक्षता में आयोजित समाधान दिवस में कुल 125 फरियादियों ने प्रार्थना पत्र दिया। जिसमें मौके पर महज 3 प्रार्थना पत्रों का निस्तारण हो सका। इस दौरान ज्वाइंट मजिस्ट्रेट सत्यप्रकाश, सीओ रामभुवन, तहसीलदार अजय कुमार पांडेय आदि उपस्थित रहे।