जौनपुर। चंदवक थाना क्षेत्र में लोकसभा चुनाव के दौरान फर्जी वोटिंग के विरोध में हुई मारपीट के आरोपियों को विशेष न्यायिक मजिस्ट्रेट फिरतू राम ने छ: माह कारावास की सजा सुनाया है। श्री प्रकाश सिंह निवासी जमुआ की दरखास्त पर कोर्ट के आदेश पर मुकदमा दर्ज हुआ था।
अभियोजन के अनुसार सात मई 1996 में लोकसभा के चुनाव में प्राइमरी पाठशाला जमुआ पर वोट पड़ रहा था। दोपहर में 1.30 बजे सुभाष, लालता, अरविंद व अवधेश निवासी ग्राम गुलरा एक राय होकर जबरन अपने पार्टी के पक्ष में फर्जी वोट डलवाना चाहते थे। वादी ने फर्जी वोटिंग का विरोध किया जिस पर आरोपी नाराज हो गए। शाम को वादी व उधमवीर सिंह मोटर साइकिल से जा रहे थे। ग्राम गुलरा पहुंचने पर आरोपियों ने रोक लिया। गालियां देते हुए लाठी-डंडे,लात मुक्के से वादी को मारे पीटे। लोगों ने बीच-बचाव किया। कोर्ट ने गवाहों के बयान एवं समस्त साक्ष्यों के परिशीलन के बाद आरोपी सुभाष,अरविंद व अवधेश को मारपीट का दोषी पाते हुए सजा सुनाया। आरोपी लालता को कोर्ट ने छह माह सदाचरण की परिवीक्षा पर छोड़ा।