जौनपुर। हाईकोर्ट की अधिसूचना के अनुपालन में विधायक हरेंद्र सिंह, विधायक व पूर्व मंत्री पारसनाथ यादव समेत अब सभी पूर्व व वर्तमान एमपी, एमएलए से जुड़ी पत्रावली इलाहाबाद में नवगठित स्पेशल कोर्ट में सुनवाई के लिए भेजी जा चुकी हैं। पूर्व सांसद धनंजय व पूर्व सांसद उमाकांत से जुड़ी पत्रावली पहले ही भेजी जा चुकी है।
भाजपा विधायक डा. हरेंद्र सिंह व अन्य के खिलाफ लाइन बाजार थाना क्षेत्र स्थित विद्युत केंद्र में तोड़फोड़ करने के अलावा कोतवाली थाना क्षेत्र के ओलंदगंज में पी चिदंबरम का पुतला फूंकने का मामला सीजेएम कोर्ट में विचाराधीन था। विधायक व पूर्व सांसद पारसनाथ यादव व अन्य पर कलेक्ट्रेट में पुलिस बल पर पथराव करने व बलवा के आरोप की पत्रावली विचाराधीन थी। इनके अलावा अन्य वर्तमान व पूर्व एमपी एमएलए से संबंधित पत्रावली भी कोर्ट में चल रही थी। जिसमें पूर्व सांसद उमाकांत यादव की गैंगस्टर एक्ट, सिपाही हत्याकांड आदि पत्रावली और पूर्व सांसद धनंजय सिंह के गैंगस्टर, केराकत के बेलांव दोहरा हत्याकांड आदि पत्रावलियां इलाहाबाद की स्पेशल कोर्ट में भेजी जा चुकी है और उनका विचारण वहां चल रहा है। एमपी-एमएलए पर चल रही ढाई दर्जन पत्रावलियां इलाहाबाद भेजी जा चुकी हैं। आरोपी एमपी एमएलए को तो यदा कदा वहां जाना होगा किंतु गवाहों को इलाहाबाद जाकर साक्ष्य देना एक कठिन कार्य होगा। अब यहां व अन्य जिलों में एमपी एमएलए के खिलाफ मुकदमा करने के पूर्व किसी भी वादी को यहां से इलाहाबाद जाने की दिक्कतों के लिए भी तैयार रहना होगा। संभव है की मुख्यालय से इलाहाबाद की दूरी व दिक्कतों को देखते हुए ऐसे मुकदमों की संख्या में भी कमी आएगी।
शासन द्वारा नियुक्त सरकारी अधिवक्ताओं को कार्यमुक्त करें डीएम
जौनपुर। उत्तर प्रदेश शासन के अनुसचिव अजीत सिंह राठौर ने वर्तमान में दीवानी न्यायालय व कलेक्ट्रेट में कार्यरत सभी फौजदारी,सिविल व राजस्व शासकीय अधिवक्ताओं व नामिका अधिवक्ताओं को तत्काल कार्यमुक्त करने का जिलाधिकारी को निदेश दिया। निदेश की कॉपी कार्यालय में पहुंच चुकी है। शासन द्वारा ऐसे 16 अधिवक्ताओं की नियुक्ति की गई थी। डीजीसी क्रिमिनल,सिविल व राजस्व,सभी एडीजीसी व पैनल लॉयर शामिल हैं।