बरसठी। धनापुर ग्राम पंचायत के निवासियों ने जिलाधिकारी को पत्र देकर ग्राम प्रधान एवं सेक्रेटरी पर मनरेगा के काम कागजों पर दिखाकर रुपये निकालने का आरोप लगाया है। उनसे वर्ष 2016 से 2018 तक मनरेगा के कामों की जांच कराने की मांग की।
ओमप्रकाश, लालजी, अमरनाथ, बंसराज, धीरेंद्र, विजय कुमार ने बताया कि नहर से लमहिया तालाब तक मनरेगा के तहत नाली खुदाई पर 35496 रुपया खर्च दिखाया गया है। इसी नहर से लमहिया तालाब तक वित्तीय वर्ष 2017-18 में भी 40,600 रुपया खर्च कर नाली खोदने की बात कही गई है। यह काम हुआ भी नहीं है। इसी तरह सन्तलाल के खेत की मेड़बंदी एक दिन में हुई लेकिन इस पर 13,572 रुपये खर्च किया गया है। काटी गांव से पीच रोड तक संपर्क मार्ग का निर्माण दो दिन में कराकर 79,344 व तालाब की खुदाई में 6,02407 रुपया निकाला गया है। इसी तालाब की दोबारा खुदाई पर 5,07325 रुपए निकाले गए। भुल्लन उपाध्याय के घर से खड़ंजा तक संपर्क मार्ग पर मिट्टी कार्य दिखाकर 1.41 लाख निकाला गया जबकि यह घर मनौरा ग्रामपंचायत में है। माइनर से नाला तक नाली की खुदाई और सफाई पर 33,600, माइनर धनापुर से बसंत लाल के खेत तक नाली खुदाई पर 40,950 रुपये खर्च किए गए और खुदाई हुई ही नहीं। धानापुर में मुख्य सड़क से जमुना प्रसाद के खेत तक नाली निर्माण पर 12,600 रुपये खर्च किए गए हैं जबकि यह काम पहले ही किया जा चुका है। 2017-18 में साईं बाबा तालाब की खुदाई दिखाकर 65,200 रुपया और 2018 -19 में भी साईं तालाब की खुदाई व सफाई दिखाकर 4,96,550 रुपया निकाला गया है।