जौनपुर। शासनादेश की धज्जियां उड़ाते हुए आवासीय कालोनियों में अवैध डेयरियां चल रही हैं। इसकी वजह से कालोनियों में गंदगी फैल रही है। दुर्गंध से लोग नाक पर कपड़ा रखकर आवागमन कर रहे हैं। नगर पालिका के अधिकारी तटस्थता की नीति अपनाकर डेयरियों पर कार्रवाई करने से कतरा रही हैं। नागरिकों का आरोप है कि नगर पालिका प्रशासन द्वारा कार्रवाई नहीं किए जाने से ही डेयरी का धंधा कालोनियों में फल फूल रहा है।
जनपद के मछलीशहर पड़ाव, बदलापुर पड़ाव, भदेसर, चांदमारी, रूहट्टा, नईगंज, मियांपुर समेत कई मोहल्लों में पालिका प्रशासन की लापरवाही से अवैध डेयरी का धंधा जमकर फल फूल रहा है जबकि हाईकोर्ट ने शहर के अंदर बनी आवासीय कालोनियों में डेयरी उद्योग नहीं चलाने का आदेश दिया है। डेयरी की वजह से गोबर, गंदगी और कचरा कालोनियों में फैलता जा रहा है। बजबजाती नालियों के पास दूध रखकर डेयरी संचालक दूध बेचते हैं जिससे संक्रामक बीमारियों की आशंका प्रबल होती जा रही है। मोहल्ले के लोगों ने इसका विरोध किया लेकिन संचालकों की दबंगई के आगे प्रशासन बौना बना हुआ है। लोगों की शिकायत है कि नाली में गोबर और कचरा फेंक देने से पानी का बहाव भी रुक जा रहा है। अधिशासी अधिकारी नगर पालिका कृष्ण चंद्र का कहना है कि आठ डेयरी संचालकों को चिह्नित किया गया है। उन्हें शीघ्र ही नोटिस दी जाएगी।