जौनपुर। धान की नर्सरी डालने का समय चल रहा है। ऐन वक्त पर सरकारी नलकूपों ने भी जवाब देना शुरू कर दिया है। एक सप्ताह से 17 ट्यूबवेल खराब हैं। इससे किसानों को धान की नर्सरी डालने में परेशानी हो रही है।
जिले में कुल 542 ट्यूबवेल हैं। जिनसे 21 हजार 680 हेक्टेयर खेत की सिंचाई होती है। इसमें 17 ट्यूबवेल खराब पड़े हुए हैं।जिसमें यांत्रिक दोष से करंजाकला दक्षिण पट्टी,इमामपुर, सैरईया, विजय गिर, सरायरुस्तम, सलारपुर, अरियार, नरकटा खोक, रामपुर सोईटी और विद्युत दोष से मई, भरउपुर, मादरडीह, नौ, पिपरिया कला, सुकारा कला,शेखपुर सुतौली महमदपुर में लगा ट्यूबवेल खराब है। इन टयूबवेल के खराब होने से लगभग 680 हेक्टेयर खेत की सिंचाई का कार्य प्रभावित है। वहीं इस समय धान की नर्सरी डालने का उचित समय चल रहा है। किसान धान की र्नसरी डालने में जुटे हुए हैं। लेकिन ट्यूबवेल खराब होने वाले क्षेत्र के किसान धान की र्नसरी भी नहीं डाल पा रहे हैं। जिससे किसान परेशान है।
विद्युत दोष से खराब पड़े नौ ट्यूबवेल को ठीक करने के लिए बिजली विभाग को पत्र भेजा गया है। वहीं यांत्रिक दोष से खराब ट्यूबवेल को ठीक कराने का कार्य किया जा रहा है। जिसे शीघ्र ही ठीक करा दिया जाएगा।-शारदा राम, अधिशासी अभियंता, नलकूप