करंजाकला विकासखंड के आरा गांव को 4 साल पहले जब मछलीशहर के सांसद रामचरित्र निषाद ने आदर्श गांव घोषित किया था, तो गांव के लोगों ने जश्न मनाया था। पर विकास की राह देखते देखते चार साल का वक्त गुजर गया, लेकिन गांव की दशा नहीं बदली। यहां तक कि इस गांव को सांसद के गोद लेने के पूर्व स्थापित एसबीआई की शाखा अब तीन किमी दूर दूसरे गांव बिछलापुर में खुल गई।
आरा गांव में घरों में पेयजल आपूर्ति के लिए ओवरहेड टैंक का निर्माण तीन साल में भी पूरा नहीं हो पाया। गांव में आज भी एक सौ से अधिक परिवार के पास छप्पर वाले घर हैं। गांव में पहले से ही उप डाकघर है, लेकिन ग्रामीणों के अनुसार सप्ताह में एक बार ही खुलता है। गांव में स्थित पशु चिकित्सालय का भवन जर्जर है। कागजों में ही चिकित्सक मौजूद हैं गांव में पहले से ही होमियोपैथी चिकित्सालय है लेकिन वह भी बदहाल है। सामुदायिक भवन में भूसा रखा रहता है। मुख्य मार्ग से जोड़ने वाली सड़क पर जगह जगह गड्ढे हैं और गिट्टियां उखड़ गई हैं। घरों का पानी सड़क के गड्ढों में जमा रहता है।
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गांव में लगे 10 सोलर लाइट और छह हैंडपंप
गौराबादशाहपुर। आदर्श गांव में पानी की टंकी का निर्माण जारी है। जिसमें अभी तक महज बोरिंग हुई है। इस बीच गांव में वर्तमान सांसद रामचरित्र की तरफ से दस सोलर लाइटें और इंडिया मार्का छह हैंडपंप लगाया गया है। आबादी के लिहाज से यह कम है। दीनदयाल विद्युतीकरण योजना के अंतर्गत गांव के उत्तर पोखरा, राजपतिनगर, कुंडी, मुजहरिया पुरवे में विद्युतीकरण का कार्य किया गया है। इसके अलावा प्रधानमंत्री आवास योजना में 53 लोगों का नाम आवास हेतु भेजा गया है। गांव में तेलिया इनार पुरवा समेत कई पुरवों में आज तक बिजली नहीं पहुंच पाया है। कई घरों तक पहुंचने के लिए रास्ता तक नहीं है। गांव की आबादी पांच हजार है।
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कोई वादा पूरा नहीं: प्रधान
गौराबादशाहपुर। पांच ग्राम प्रधान गायत्री पाठक का कहना है कि आदर्श गांव घोषित होने के बाद जब सांसद पहली बार आरा गांव में पहुंचे तो ग्रामीणों ने जोरदार स्वागत किया था। गांव में डीजे बजा था। मिठाई बांटी गई थी। तब सांसद निषाद ने गांव में कई बैंकों की शाखाएं और प्राथमिक चिकित्सालय, पूरे गांव में विद्युतीकरण, हर घर शौचालय, आवास, चमचमाती सड़कों और नाली, सोलर लाइट, गांव में स्टेडियम और इंडिया मार्का हैंडपंप लगवाने के साथ गांव को वाईफ़ाई सुविधा से लैस करने का वादा किया था।
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क्या कहते हैं आदर्श गांव के लोग
गौराबादशाहपुर। आदर्श गांव आरा के लोगों का कहना है कि गांव में पात्रों को सरकारी आवास देने के लिए प्रधान के परिजनों द्वारा लाभार्थियों से पैसा मांगने का आरोप जांच में सही पाए जाने पर प्रधान पति और उनके पुत्र पर गौराबादशाहपुर थाने में मुकदमा भी दर्ज कराया गया है। साथ ही प्रधान का खाता सीज कर दिया गया है। वहीं कोटेदार पर कालाबाजारी के आरोप में केस दर्ज हो चुका है। गांव के रहने वाले पूर्व प्रधान रोहित राजभर का कहना है कि गांव के बिकास में अभी तक कोई कार्य नही हुआ है। मनोज राय का कहना है की आदर्श गांव चयनित होने पर अपार हर्ष हुआ था मगर विकास कार्य सपना ही रह गया। वहीं अतुल मौर्या का कहना है कि गांव की समस्या खत्म करना तो दूर सांसद महोदय चार साल में सिर्फ तीन बार गांव में आए हैं। दिनेश राजभर का कहना है की गांव में कई परिवार ऐसे है जो मड़हे में जीवन यापन करते है। उन्हें सरकारी आवास का लाभ मिलना चाहिए लेकिन नहीं मिला।