घनश्यामपुर। बदलापुर में राष्ट्रीय राजमार्ग 56 स्थित निर्माणाधीन बाईपास पर सरोखनपुर के पास भूमिगत रास्ता बनाने की स्वीकृति मिल गई है। इससे राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआई) के प्रोजेक्ट डाइरेक्टर एसबी सिंह और टीम लीडर अजय खमेरिया के साथ आई इंजीनियरों की सात सदस्यीय टीम ने सोमवार को सरोखनपुर गांव में भूमिगत मार्ग के लिए स्थलीय निरीक्षण किया। यहां भूमिगत मार्ग बनने से आसपास दो दर्जन से अधिक गांवोंके लोगों को सहूलियत होगी।
सरोखनपुर में राष्ट्रीय राजमार्ग 56 पर निर्माणाधीन बाईपास पर सरोखनपुर के पास भूमिगत मार्ग बनाने की मांग स्थानीय लोगों ने की थी। क्षेत्रीय लोगों की मांगों को गंभीरता से लेते हुए सांसद डा. केपी सिंह ने भूमिगत मार्ग बनवाने की पहल की। नतीजतन एनएचएआई के प्रोजेक्ट डाइरेक्टर एसबी सिंह, टीम लीडर अजय खमेरिया के साथ इंजीनियरों की टीम ने सरोखनपुर गांव आई। टीम ने उस स्थान का निरीक्षण किया जहां भूमिगत मार्ग बनाने की मांग की गई है। टीम ने टीम ने ग्रामीणों के बीच भूमिगत मार्ग बनाने की स्वीकृति दी। एनएच पर निर्माणाधीन बाईपास के कारण सरोखनपुर , ऊदपुरगेल्हवा, मुरादपुर, रूपचंदपुर, बदलापुर खुर्द, लेदुका, देवरिया, मछली गांव सहित दो दर्जन से अधिक गांवों के लोगों का आवागमन प्रभावित हो रहा था। इसको लेकर ग्रामीण परेशान थे। सरोखनपुर गांव के अवकाश प्राप्त शिक्षक अमरबहादुर सिंह की अगुवाई में बड़ी संख्या में लोगों ने प्रशासनिक अधिकारियों के साथ ही एनएचएआई के प्रोजेक्ट डाइरेक्टर, प्रोजेक्ट मैनेजर को ज्ञापन सौंप कर समस्या को दूर करने की मांग की थी। सुनवाई नहीं हुई तो ग्रामीण सांसद डा. केपी सिंह से मिले और अपनी समस्या बताई। सांसद ने भूतल परिवहन मंत्री नितिन गडकरी को पत्र भेजकर उन्हें समस्या से अवगत कराया और सरोखनपुर में भूमिगत मार्ग बनवाने की सिफारिश की। सरकार के निर्देश पर एनएचएआई के प्रोजेक्ट डाइरेक्टर की टीम ने पहुंच कर सरोखनपुर गांव में निरीक्षण करने के बाद भूमिगत मार्ग निर्माण की स्वीकृति दी।
सांसद केपी सिंह ने बताया कि ग्रामीणों की समस्याओं को देखते हुए सरोखनपुर में बाईपास पर भूमिगत मार्ग बनवाने के लिए परिवहन मंत्री नितिन गडकरी को पत्र भेजा था। भूमिगत मार्ग निर्माण की स्वीकृति मिल गई है। भूमिगत मार्ग बनने से कई गांवों के लोगों को सहूलियत होगी।