शार्ट सर्किट से जूता-चप्पल के गोदाम में आग लग गई। इससे वहां अफरातफरी मच गई। आसपास के लोगों ने आग बुझानी चाही लेकिन सफलता नहीं मिली। आग ने विकराल रूप धारण कर लिया सूचना पाकर सीओ मनोज गुप्ता व कोतवाल सतेंद्र सिंह राठौर मौके पर पहुंचे और दमकल कर्मियाें को बुलाया। देर से पहुंचने पर सीओ ने उन्हें फटकार लगाई। दमकल
कर्मियाें ने भारी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया लेकिन तब तक 12 लाख रुपये का सामान जलकर राख हो गया। कालपी कोतवाली के मुहल्ला टरननगंज में अखिलेश गुप्ता के मकान में अजहर अली की जनरल स्टोर व जूता चप्पल की दुकान है। मकान के अंदर वह गोदाम भी बनाए हैं। गुरुवार की रात करीब 9 बजे शार्ट सर्किट से गोदाम में आग लग गई।
देखते ही देखते आग ने विकराल रूप धारण कर लिया। इससे वहां अफरातफरी मच गई। लोगों ने आग बुझाने का प्रयास किया लेकिन सफलता नहीं मिली। सूचना पाकर सीओ मनोज गुप्ता व कोतवाल सतेंद्र सिंह मौके पर पहुंचे और दमकल कर्मियाें को सूचना दी। सूचना पाकर दमकल कर्मी मौके पर पहुंचे और आग बुझानी शुरू की लेकिन प्लास्टिक की चप्पल होने
के कारण आग काबू में नहीं आ रही थी। सीओ ने भोगनीपुर कानपुर देहात से भी दमकल बुलाई। काफी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया गया। आग से करीब 12 लाख रुपये के नुकसान का आंकलन किया गया।
हवा चलती तो तबाह हो जाता कालपी बाजार
गुरुवार को आग की लपटें करीब 30 से 40 फीट ऊंची उठ रही थी हर किसी की जुबान पर भगवान आ रहे थे। वो तो अच्छा यह हुआ कि आग लगने के दौरान हवा नहीं चल रही थी नहीं तो आग से पूरा कालपी का बाजार ही राख हो जाता। जिस जगह टरननगंज में आग लगी थी वही कालपी का मुख्य बाजार है। लोगों की सूझबूझ से बड़ा हादसा टल गया।
दाल मिल का हिस्सा है गोदाम
जिस गोदाम में आग लगी, वह वास्तव में एक दाल मिल कैंपस का ही हिस्सा थी। सालों से बंद पड़ी स्वास्तिक दाल मिल के मालिक अखिलेश गुप्ता ने मिल का एक हिस्सा जूता व्यवसायी वासिद और कागज व्यवसायी कपिल को दे रखा है। इस हिस्से में दोनों ने गोदाम बना रखा है। कपिल के कागज गोदाम में भी आग लग गई। जिससे उन्हें भारी नुकसान हुआ।