उरई। गांव की रंजिश को लेकर पांच साल पहले महिला के घर में घुसकर मारपीट, धमकी व अपमानित करने वाले तीन लोगों कोर्ट ने चार-चार सजा सुनाई है। दोपियों में पिता और उसके दोनों बेटे हैं। कोर्ट ने दोषियों पर 15-15 हजार रुपये जुर्माना लगाया है। जुर्माना अदा न करने पर अतिरिक्त कारावास भुगतना पड़ेगा। जालौन कोतवाली क्षेत्र के खनुआ गांव निवासी सुमन देवी ने 10 अक्तूबर 2020 को पुलिस को तहरीर दी थी। इसमें बताया था कि वह घर पर बैठी थी। गांव के ही सोनू, विवेक, पिता जसवंत सिंह के साथ आए और गाली-गलौज करने लगे। महिला ने विरोध किया तो जातिसूचक गाली दी और पीट दिया। तीनों ने जान से मारने की धमकी भी दी। पुलिस ने पिता-पुत्रों के खिलाफ एससी-एसटी एक्ट सहित अन्य धाराओं में रिपोर्ट दर्ज की।
विवेचना सीओ विजय आनंद ने की और 3 दिसंबर 2020 को आरोपपत्र दाखिल कर दिया। कोर्ट में चले ट्रायल के बाद मामले की सुनवाई पूरी हुई। इसमें दोनों पक्षों के अधिवक्ताओं की बहस, गवाहों के बयान और सबूतों के आधार पर विशेष न्यायाधीश एससी-एसटी एक्ट सुरेश गुप्ता ने पिता-पुत्रों को सजा सुनाई।