कदौरा। कस्बे के एक मोहल्ला निवासी किशोरी की मां की तहरीर पर सीएचसी में तैनात फार्मासिस्ट विनोद कुमार गुप्ता और एक निजी कर्मी रोहित कुमार के ऊपर सोमवार को पुलिस ने छेड़खानी, पॉस्को एक्ट, एससी/एसटी एक्ट के तहत मामला दर्ज किया था। मुकदमा दर्ज होने के बाद मंगलवार को नगर के व्यापारियों ने अपने प्रतिष्ठान, मेडिकल स्टोर, पैथोलॉजी आदि बंद कर थाना पुलिस को ज्ञापन सौंपा। व्यापारियों ने फार्मासिस्ट और निजी कर्मी के साथ मारपीट, जुलूस निकालने वालों के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई की मांग की।
कदौरा कस्बा निवासी रवि शिवहरे, अमित गुप्ता, पवन गुप्ता, बबलू अग्रवाल, शैलेंद्र गुप्ता, दीपू गुप्ता सहित सैकड़ों व्यापारियों ने प्रभारी निरीक्षक उमाकांत ओझा को ज्ञापन सौंपा। इसमें बताया कि जिस तरह से लोगों ने फार्मासिस्ट और निजी कर्मी को घर बुला कर उनको बंधक बना कर मारपीट की और मुख्य बाजार में जुलूस निकाला है वो निंदनीय है। बिना जांच के मुकदमा दर्ज किया गया है। मारपीट कर जुलूस निकालने वालों के विरुद्ध कोई कार्रवाई नहीं की गई। उन्होंने आरोपियों के विरुद्ध कार्रवाई की मांग करते हुए निष्पक्ष जांच की मांग की है। फार्मासिस्ट के साथ हुई घटना को लेकर व्यापारियों ने अपनी दुकानों के साथ मेडिकल स्टोर सहित अन्य दुकानें भी बंद रखीं। सीएचसी केंद्र में भी सन्नाटा पसरा रहा। मरीज इलाज के लिए भटकते नजर आए।