फोटो - 08 कोहरे के बीच लाइट जलाकर निकलता वाहन। संवाद
- फोटो : अतिक्रमण हटवाते थाना प्रभारी।
उरई। जिले में सर्दी का प्रकोप लगातार जारी है। मंगलवार को सुबह न्यूनतम तापमान 6.5 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो इस मौसम का अब तक का सबसे कम तापमान है। दिनभर निकली धूप के बावजूद गलन भरी सर्दी से लोगों को राहत नहीं मिल पाई। सर्द हवाओं और कड़ाके की ठंड ने जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित किया है।
सर्द हवाओं और अत्यधिक ठंड के कारण सुबह के समय बाजारों में देर से रौनक आई। स्कूल जाने वाले बच्चे और कामकाजी लोग गर्म कपड़ों में लिपटे नजर आए। अधिकतम तापमान 15 डिग्री सेल्सियस तक पहुंचने के बावजूद लोगों को सर्दी से राहत नहीं मिल सकी। कई जगहों पर लोगों को अलाव और हीटर का सहारा लेकर ठंड से बचाव की कोशिश करते देखा गया।
तेज ठंड का असर खेती-किसानी पर भी पड़ रहा है। किसानों के अनुसार, सुबह के समय खेतों में काम करना अत्यंत मुश्किल हो गया है। सब्जी की फसलों पर पाले का खतरा मंडरा रहा है, जिससे किसान चिंतित हैं। पाले के कारण फसलें खराब होने की आशंका बनी हुई है।
सर्दी का असर परिवहन व्यवस्था पर भी देखा गया। सुबह के समय सड़कों पर वाहनों की रफ्तार धीमी रही। कोहरे और गलन के कारण यात्रियों को भी यात्रा करने में परेशानी का सामना करना पड़ा। दृश्यता कम होने के कारण वाहन चालकों को अतिरिक्त सावधानी बरतनी पड़ी।
मौसम वैज्ञानिक कुलदीप गुप्ता ने बताया कि आने वाले दिनों में तापमान में अधिक बढ़ोतरी की संभावना कम है। इसका मतलब है कि सर्दी का प्रकोप अभी जारी रहने की उम्मीद है। उन्होंने लोगों से ठंड से बचाव के लिए एहतियाती उपाय अपनाने की सलाह दी है।