मैंगलोर में 21 मार्च को हुई थी आरटीआई कार्यकर्ता की मौत
काम करने के लिए घर से निकले युवक की रास्ते में संदिग्ध हालातों में मौत हो गई। उसका शव रेल पटरी के किनारे ट्रेन से कटा मिला। राहगीरों की सूचना पर मौके पर पहुंची पुलिस ने शव की शिनाख्त की और इसकी जानकारी परिवारीजनों को दी। चुर्खी थाना क्षेत्र के ग्राम मुसमरिया निवासी राकेश (21) पुत्र बालकराम प्रजापति कई महीने से उरई के मोहल्ला
उमरारखेरा में रह रहा था। यहां पर वह एक गुटखा कारोबारी के यहां काम करता था। रोज की तरह रविवार की सुबह भी वह काम करने के लिए घर से निकला था। पर देर शाम तक वह घर नहीं पहुंचा। शाम को उसका शव संदिग्ध हालातों में अजनारी रोड स्थित रेलवे क्रासिंग के किनारे ट्रेन से कटा हुआ मिला। वहां से गुजर रहे राहगीरों ने इसकी सूचना पुलिस को दी।
मौके पर पहुंचे डिप्टीगंज चौकी इंचार्ज रामलाल सोनकर ने शव की शिनाख्त कराकर परिवारीजनों को इसकी जानकारी दी। परिजनों की मौजूदगी में शव का पंचनामा भर पोस्टमार्टम
के लिए भेज दिया गया। युवक की मौत की वजह स्पष्ट नहीं हो पाई है। मामला हत्या व आत्महत्या के बीच उलझा हुआ है। युवक की हत्या का भी संदेह जताया जा रहा है। हालांकि पुलिस ने पूरे मामले की जांच शुरू कर दी है। इस बारे में शहर कोतवाल आलोक सक्सेना का कहना है कि हर पहलू पर जांच की जा रही है।