प्रदेश में ध्वस्त कानून व केंद्र सरकार की वादाखिलाफी को लेकर जिला महिला व शहर कांग्रेस कमेटी ने संयुक्त रूप से रविवार को धरना देकर प्रदर्शन किया। इस दौरान कांग्रेसियों ने कहा कि सपा व भाजपा दोनों एक ही सिक्के के दो पहलू हैं जो जनता का वोट हासिल करने के लिए एक दूसरे पर आरोप मढ़ते रहते हैं। फिर बंद कमरे में बैठकर एक दूसरे के गले मिलते
हैं। जनता को चाहिए कि वह इन दोनों दलोें से सतर्क रहे। रविवार को जिला महिला व शहर कांग्रेस कमेटी के पदाधिकारी वरिष्ठ नेताओें के नेतृत्व में पार्टी कार्यालय शहीद भवन में एकत्र हुए। यहां से जुलूस की शक्ल में घंटाघर पहुंचे और मोदी व अखिलेश सरकार के खिलाफ धरना देकर प्रदर्शन किया। इस दौरान महिला कांग्रेस कमेटी की जिलाध्यक्ष छाया पालीवाल
ने कहा कि प्रदेश में कानून व्यवस्था पूरी तरह से बेपटरी है। स्थिति यह है कि जगह-जगह अपराध व हत्याएं हो रही हैं। मथुरा में हुआ बवाल इसका उदाहरण है जहां पर एक बाबा को संरक्षण देने के चलते सीओ व एसओ को अपनी जान गंवानी पड़ी। कांग्रेसियों ने इस मामले की निष्पक्ष जांच कराकर कार्रवाई की मांग की। इस दौरान, असगरी बेगम, मुन्नी बेगम,
संतोषी सिंह, फजीला बेगम, कल्पना तिवारी, धकेली, शीला गिरि आदि मौजूद रहीं। वहीं, शहर कांग्रेस कमेटी ने राष्ट्रपति को ज्ञापन भेजा। इसमें जिलाध्यक्ष श्यामसुंदर ने कहा कि केंद्र सरकार जनता का ध्यान आकर्षित कराने के लिए पार्टी के नेताओं के विरुद्ध षड़यंत्र रच रही है। कहा कि केंद्र सरकार द्वारा डीजल व पेट्रोल के दाम अनावश्यक रूप से बढ़ाए जाने का पार्टी
विरोध करती है। अध्यक्ष रेहान स्दिीकी ने कहा कि बुंदेलखंड में सूखे से परेशान किसानों का ऋण माफ कर खाद व बीज निशुल्क उपलब्ध कराई जाए ताकि किसानों को सहूलियत मिल सके। इस दौरान दीपांशु समाधिया, नरेंद्र चतुर्वेदी, नितिन कुमार, अमित महाजन, अभिषेक पाठक, सत्यपाल शर्मा, संतराम नीलांचल, सिद्धपाल सिंह आदि मौजूद रहे।
महापुरुषों के नाम पर ही रहने दें योजनाएं
महंगाई व केंद्र सरकार की जनविरोधी नीतियों के विरोध में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने रविवार को तहसीलदार कालपी जितेंद्र पाल को ज्ञापन सौंपते हुए कहा कि महापुरुषों केे नाम से चलाई जा रही जनकल्याणकारी योजनाओं के नाम न बदले जाएं। कांग्रेस के पूर्व जिलाध्यक्ष मनोज चतुर्वेदी, नगर अध्यक्ष दिनेश, लक्ष्मन सिंह, रणजीत सिंह, योगेंद्र सिंह, मोहन लाल,
ज्ञानचंद्र, शरद शुक्ला, अरविंद शुक्ला, रविंद्र शर्मा, लखन वर्मा ने राष्ट्रपति को संबोधित ज्ञापन में बताया कि बीते दो वर्षों में केेंद्र सरकार द्वारा लोगों को झूठे वायदे करके गुमराह किया
जा रहा है। गलत तथ्यों को प्रस्तुत करके देश के महान नेताओं जवाहर लाल नेहरू, इंदिरा गांधी, राजीव गांधी के नाम से चल रही योजनाओं को सरकार समाप्त करना चाहती है। योजनाओं के नाम में बदलाव न किया जाए।