संगोष्ठी में बोलते पर्यावरण प्रहरी अमित इतिहास
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उरई। राष्ट्रीय पक्षी दिवस पर प्रकृति की सबसे अनमोल धरोहरों में से एक पक्षियों को बचाने व उन्हें संरक्षित करने के लिए प्रकृति प्रेमियों को संकल्प लेना चाहिए। यह बात पर्यावरण प्रहरी व सामाजिक कार्यकर्ता अमित इतिहास ने पर्यावरण सुरक्षा संकल्प विषयक संगोष्ठी में कही।
इटौरा के पंचायत भवन में आयोजित कार्यक्रम में अमित इतिहास ने बताया कि 12 नवंबर 1896 को ही ख्याति प्राप्त पक्षी विशेषज्ञ डॉ सलीम अली की जयंती होती है। इन्हें भारत में पक्षी मानव के नाम से भी जाना जाता था। पक्षी विशेषज्ञ सलीम अली की जयंती को सरकार ने राष्ट्रीय पक्षी दिवस घोषित किया है। गोष्ठी में उपस्थित प्रकृति प्रेमियों ने प्रण लिया कि जाने अनजाने कभी भी पक्षियों को कोई तकलीफ नहीं पहुंचाई जाएगी। इतना ही नहीं पक्षियों के संरक्षण में योगदान भी करेंगे। इस दौरान जितेंद्र द्विवेदी, अशरफ अली, शिवम तोमर, शिवम चौहान, डॉ विनोद पुरवार, आराधना चौहान, पीयूष मिश्रा, सलमान मंसूरी, विजय द्विवेदी, मुन्ना लाल शर्मा, धर्मेंद्र सविता आदि रहे।