फोटो-24-अपने कार्यालय में वार्ता करते सांसद नारायणदास अहिरवार व अन्य। संवाद
- फोटो : 1
उरई। कलक्ट्रेट में हुए प्रदर्शन के दौरान समाजवादी पार्टी नेताओं और कार्यकर्ताओं पर दर्ज मुकदमों को लेकर राजनीतिक विवाद तेज हो गया है। बुधवार को अपने कार्यालय में जालौन-गरौठा-भोगनीपुर संसदीय क्षेत्र के सपा सांसद नारायणदास अहिरवार ने प्रेसवार्ता कर प्रशासन और सरकार पर विपक्ष की आवाज दबाने का आरोप लगाया।
सांसद ने कहा कि शांतिपूर्ण ढंग से आंदोलन करने वाले विपक्षी नेताओं पर मुकदमे दर्ज किया जाना लोकतंत्र के लिए अच्छा संकेत नहीं है। उन्होंने बताया कि 8 जून को हुए प्रदर्शन में वह स्वयं भी शामिल थे, लेकिन उनके खिलाफ कोई मुकदमा दर्ज नहीं किया गया। उन्होंने कहा कि वह इसके कारणों पर टिप्पणी नहीं कर सकते, लेकिन पार्टी के अन्य नेताओं के खिलाफ दर्ज मुकदमों की निंदा करते हैं।
उन्होंने आरोप लगाया कि जनहित के मुद्दे उठाने वाले विपक्षी दलों को निशाना बनाया जा रहा है। सांसद का कहना था कि मेडिकल कॉलेज प्रकरण को लेकर हुए आंदोलन में अन्य संगठनों और भाजपा नेताओं की भी मौजूदगी थी, लेकिन उनके खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की गई। सपा के पूर्व जिलाध्यक्ष सुरेंद्र बजरिया ने कहा कि समाजवादी पार्टी जनहित के मुद्दों को लगातार उठाती रहेगी और लोकतांत्रिक अधिकारों की रक्षा के लिए संघर्ष जारी रखेगी। प्रेसवार्ता में राजीव शर्मा, आमीन खान आदि रहे।