फोटो-28-महिला अस्पताल का निरीक्षण करती राज्य स्तरीय टीम। संवाद
उरई। स्वास्थ्य विभाग की राज्य स्तरीय तीन सदस्यीय टीम ने सोमवार को जिला अस्पताल और महिला अस्पताल का निरीक्षण किया। एसएनसीयू में बगैर मास्क और शू कवर के लोग मिले। टीम ने आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
राज्य प्रतिरक्षण अधिकारी डॉ अजय गुप्ता, टीकाकरण सलाहकार संजय गोयल तथा प्रोजेक्ट आफीसर मोहित वर्मा सोमवार को जिला महिला अस्पताल पहुंचे। सबसे पहले टीम ने अल्ट्रासाउंड कक्ष देखा। रेडियोलॉजिस्ट डॉ अजय खरे ने अल्ट्रासाउंड मशीन की समस्या बताई। लेबर रूम में प्रसव को लेकर पूछताछ की। टीम ने एसएनसीयू का भी निरीक्षण किया जहां देखा कि लोग वार्ड में जाने से पहले मास्क और शू कवर पहने नहीं मिले। इस पर टीम ने नाराजगी जताई। उन्होंने अस्पताल आने वाले मरीजों को सभी सुविधाएं मुहैया कराने के निर्देश दिए। साथ ही वार्ड के बाहर सैनिटाइजर रखने को कहा। इसके बाद टीम ने जिला अस्पताल के पोषण पुनर्वास केंद्र में जाकर भर्ती कुपोषित बच्चों को देखा। उनके तीमारदारों से भोजन व दवाइयों को लेकर पूछताछ की।
टीम ने डायलिसिस यूनिट में पहुंचकर डायलिसिस करा रहे मरीजों से व्यवस्थाओं को लेकर जानकारी ली। सीटी स्कैन विभाग में सीटी कराने वाले मरीजों की संख्या की जानकारी ली। टीम ने दोनों अस्पतालों के सीएमएस को आवश्यक निर्देश दिए। इस दौरान सीएमओ डॉ. वीरेंद्र सिंह,जिला अस्पताल के सीएमएस डॉ आनंद उपाध्याय, महिला अस्पताल के सीएमएस डॉ. एसके पाल, जिला प्रतिरक्षण अधिकारी डॉ उमेश, अपर शोध अधिकारी आरपी विश्वकर्मा, यूएनडीपी के अजय महतेले आदि रहे।
गेट बंद होने पर टीम ने जताई नाराजगी
जब राज्य स्तरीय टीम महिला अस्पताल के निरीक्षण के बाद जिला अस्पताल की तरफ जा रही थीं, तभी इमरजेंसी की ओर खुले कट वाला गेट बंद मिला। पहले तो टीम घुस गई और हॉर्न बचाया। तब सुरक्षा गार्ड ने आकर गेट खोला। गेट बंद होने पर टीम ने नाराजगी जताई।