उरई (जालौन)। रोडवेज अधिकारियों पर उत्पीड़न का आरोप लगाकर परिचालक ने पहले डिपो पर हंगामा किया, बाद में वहीं पर डाई भी पी ली। हालत बिगड़ने पर साथी उसे लेकर जिला अस्पताल पहुंचे, जहां पर हालत स्थित बताई जा रही है। उधर, एआरएम केसरीनंदन चौधरी का कहना है कि परिचालक काम में लापरवाही करता है। दबाव बनाने की घटना को अंजाम दिया।
रोडवेज डिपो में तैनात परिचालक जमील की ड्यूटी शुक्रवार की दिल्ली रूट की बस पर लगाई गई थी। जब वह सुबह ड्यूटी पर नहीं पहुंचा तो उसकी गाड़ी ड्यूटी क्लर्क ने दूसरे परिचालक को देकर बस दिल्ली रवाना कर दी। इसके बाद डिपो पहुंचे जमील को जब ड्यूटी कटने का पता चला तो वह क्लर्क आरके कटियार से भिड़ गया। प्रत्यक्षदर्शी रोडवेज कर्मियों के मुताबिक, दोनों के बीच बात इतनी बढ़ी की जमील ने डाई पी ली। इससे पहले कि कर्मचारी कुछ समझ पाते उसके घरवाले भी पहुंच गए और अधिकारियों पर आरोप लगा हो हल्ला करने लगे।
इसके बाद आननफानन जमील को अस्पताल ले जाया गया। जहां डॉक्टरों ने फिलहाल उसकी हालत स्थिर बताई है। एआरएम का कहना है कि जमील समय से ड्यूटी पर नहीं आया था, जबकि क्लर्क के मुताबिक, उसने जमील को फोन कर बुलाया भी था। इस लापरवाही और हंगामे पर परिचालक पर विभागीय कार्रवाई भी की जा सकती है।