जालौन। क्षेत्र के ग्राम धंतौली में गुरुवार को युवती ने फांसी लगाकर खुदकुशी कर ली। घटना के समय परिवार के लोग घर पर नहीं थे। पुलिस ने शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेजा है।
जालौन कोतवाली क्षेत्र के ग्राम धंतौली निवासी किशुन कुमार गुरुवार सुबह खेती के काम से जालौन गए थे। बेटा बब्लू मैथा के प्लांट पर काम करने गया था। घर में दादी के साथ किशुन की बेटी शिल्पी (18) थी।
दोपहर करीब दो बजे दादी पड़ोसी के घर चली गई। इस दौरान शिल्पी ने कमरे का दरवाजा बंद कर छत के कुंडे में रस्सी का फंदा फांसी लगा ली। कुछ देर बाद दादी और भाई घर लौटे तो शिल्पी का शव फांसी पर लटका मिला। जानकारी पर ग्रामीण इकट्ठे हो गए। थोड़ी ही देर में पिता भी पहुंच गया। सूचना पर पुलिस ने शव को उतरवाकर पोस्टमॉर्टम के लिए भेजा। एसआई रामनरेश ने बताया कि परिजनों ने आत्महत्या का कोई कारण नहीं बताया है।
कैंसर पीड़ित युवक ने फांसी लगा जान दी
मुहम्मदाबाद (जालौन)। डकोर कोतवाली क्षेत्र के टीकर गांव निवासी रमेशचंद्र राजपूत (32) पुत्र शिवराम दो वर्ष से से मुंह के कैंसर से पीड़ित था। कुछ समय पूर्व कानपुर में आपरेशन कराया था लेकिन तकलीफ कम नहीं हो रही थी। ठीक से खाना भी नहीं खा सकता था। बुधवार शाम पत्नी सावित्री को दूध लेने चली गई थी। लौटने पर रमेश का शव छप्पर में फांसी के फंदे पर लटका मिला। बड़े भाई गजराज ने बताया कि रमेश छह और चार साल की दो बेटियां हैं। इलाज में करीब आठ लाख रुपये खर्च हो चुके थे। थाना प्रभारी आरके सिंह ने बताया कि कैंसर से परेशान होकर जान दी है।