उरई। सात साल पहले एक व्यक्ति की हत्या मामले में मां, बेटा और दो बेटियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की गई थी। इस मामले में एडीजे प्रथम अंचल लवानिया की कोर्ट में शुक्रवार को मां-बेटे को दोषी पाया। सजा पर फैसला के लिए 19 फरवरी की तारीख निश्चित की गई है।
शासकीय अधिवक्ता मोतीलाल पाल ने बताया कि आटा थाना क्षेत्र के ग्राम बम्होरी निवासी महिला संतो देवी ने 19 जनवरी 2017 को पुलिस को तहरीर देकर बताया था कि उसके ही गांव के रहने वाले जितेंद्र राजपूत, उसकी मां क्रांति, बहनें रेखा व रूबी ने 18 जनवरी को उसके पति की हत्या कर दी थी। पुलिस ने चारों के खिलाफ हत्या की रिपोर्ट दर्ज कर ली।
उसके बाद पुलिस ने मोबाइल की लोकेशन के आधार पर आरोपी जितेंद्र राजपूत 25 जनवरी 2017 और उसके बाद नौ फरवरी को उसकी मां क्रांति देवी को भी गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया। पुलिस की विवेचना में आरोपी की बहन रेखा और रूबी के खिलाफ कोई सबूत नहीं मिला, इसलिए उसे विवेचना में बाहर दिया। उसके बाद 15 फरवरी 2017 को पुलिस ने चार्जशीट दाखिल कर दी। कोर्ट में चली सुनवाई के दौरान मां बेटा को दोषी पाए गया।