उरई। मनरेगा मजदूरों की आकस्मिक मौत होने पर पांच लाख रुपये की शासन से मदद मिलेगी।
जिले में कुल 2.61 लाख जॉब कार्ड धारक हैं जिनमें 1.88 लाख सक्रिय श्रमिक हैं। अब विभाग 90 दिनों तक कार्य करने वाले श्रमिकों का श्रम विभाग में पंजीकरण कराएगा। इसको लेकर सूची तैयार की जा रही है। श्रम अधिकारी आरके चतुर्वेदी ने बताया कि श्रम विभाग में पंजीकरण होने के बाद मृत्यु, विकलांगता एवं पेंशन योजना के तहत पांच लाख का बीमा, आक स्मिक मृत्यु पर पांच लाख, प्राकृतिक मौत पर दो लाख रुपये की मदद देे का प्रावधान है। महिला मजदूरों को शिशु-मातृत्व बालिका आशीर्वाद योजना का लाभ दिया जाएगा।