जालौन। कोतवाली क्षेत्र में चार माह पूर्व मायके जा रही एक महिला के साथ सामूहिक दुष्कर्म का मामला अब न्यायालय के आदेश पर दर्ज किया गया है। पुलिस ने चार आरोपियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
मध्यप्रदेश के लहार थाना क्षेत्र निवासी पीड़िता ने न्यायालय में प्रार्थना पत्र देकर बताया कि उसका मायका जालौन कोतवाली क्षेत्र के एक गांव में है। पीड़िता के अनुसार, सिरसा थाना क्षेत्र के ग्राम दमरास निवासी कौशल, सतीश, कैलाश तथा कोतवाली क्षेत्र के हरीपुरा निवासी जितेंद्र उसे लंबे समय से परेशान करते थे और अश्लील टिप्पणियां करते थे। विरोध करने पर आरोपियों ने उससे रंजिश मान ली थी।
पीड़िता ने बताया कि जनवरी में वह मायके जा रही थी। रास्ते में लौना गांव के पास यूकेलिप्टस के बगीचे के पास चारों पहले से घात लगाए बैठे थे। जैसे ही वह वहां पहुंची, आरोपियों ने उसे जबरन रोक लिया और तमंचे के बल पर बगीचे के अंदर खींच ले गए।
आरोप है कि वहां चारों ने बारी-बारी से उसके साथ दुष्कर्म किया। घटना के बाद शिकायत करने पर आरोपियों ने उसे जान से मारने की धमकी दी और मौके से भाग गए। पीड़िता का कहना है कि उसने घटना की सूचना कोतवाली पुलिस और पुलिस अधीक्षक को भी दी थी, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं की गई। इसके बाद मजबूर होकर उसे न्यायालय की शरण लेनी पड़ी।
न्यायालय के आदेश पर कोतवाली पुलिस ने चारों आरोपियों के खिलाफ संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया है। कोतवाल हरिशंकर चंद ने बताया कि न्यायालय के निर्देश पर प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है और मामले की जांच कर आगे की विधिक कार्रवाई की जा रही है।