सुबह घने कोहरे और शीतलहर से शुक्रवार को आम जीवन अस्तव्यस्त नजर आया। वहीं, कोहरे की धुंध से कई ट्रेन्स लेट होते हुए स्टेशन पर पहुंची। वहीं, झांसी-कानपुर इंटर सिटी एक्सप्रेस रद्द की गयी जिसके चलते यात्रियों को स्टेशन पर घंटों इंतजार करना पड़ा। शुक्रवार को सुबह से ही कोहरे ने अपना कहर दिखाना शुरू कर दिया। घने कोहरे के चलते रेलवे
स्टेशन पर ट्रेनें निर्धारित समय से घंटों लेट पहुंचीं या फिर एक दिन बाद आईं। इसमेें झांसी की ओर जाने वाली छपरा मेल को गुरुवार को शाम 4:15 बजे आना था लेकिन ये दूसरे दिन शुक्रवार को दोपहर 12:15 बजे उरई स्टेशन पर आई। इसी तरह उरई स्टेशन से होकर कानपुर-झांसी के लिए जाने वाली ट्रेनें अपने निर्धारित समय से 2 से 4 घंटे देरी से चलती
रहीं। झांसी की ओर रेल आवागमन में कानपुर-झांसी पैसेंजर ट्रेन अपने निर्धारित समय सुबह 9 बजे के बजाय दोपहर 12 बजे उरई स्टेशन पर पहुंची। इसी तरह कानपुर बल्साड़ ट्रेन निर्धारित समय 9:55 बजे से एक घंटा लेट सुबह 10:55 बजे उरई स्टेशन आई। गोरखपुर लोकमान्य तिलक अपने निर्धारित समय सुबह 7 बजे के बाद कुछ घंटे लेट होकर 11:40 बजे
उरई आई। कुशीनगर एक्सप्रेस अपने निर्धारित समय सुबह 4:15 बजे से पौने दो घंटा लेट होकर सुबह 7 बजे आई। वहीं, झांसी-कानपुर इंटर सिटी एक्सप्रेस रद्द की गई। इसी तरह,
कानपुर की ओर जाने वाली गाड़ियों की स्थिति में लोकमान्य तिलक से गोरखपुर जानी वाली ट्रेन अपने निर्धारित समय 7 बजे से लेट होकर 9:40 पर स्टेशन पहुंची। पुष्पक एक्सप्रेस अपने निर्धारित समय सुबह 4:15 बजे से लेट होकर 5:45 बजे उरई पहुंची। इसी तरह राप्ती सागर एक्सप्रेस शुक्रवार को अपने निर्धारित समय सुबह 6 बजे से 7:45 पर आई।