उरई। भागदौड़ भरी जिंदगी में लोग अब कई बार रास्तों के बारे में किसी से बिना पूछे ही गूगल मैप का सहारा ले लेते हैं। लेकिन कई जगहों पर इससे लोगों को परेशानी का भी सामना करना पड़ता है। जिले में कई जगह ऐसी हैं, जिनमें मैप में देखा जाए तो सब कुछ सही है, लेकिन हकीकत में उन रास्तों में कहीं पुलिया टूटी है,तो कहीं बीच मार्ग में बड़ा सा गड्ढा है। इससे अगर जरा सी लापरवाही कर दी गई तो हादसा हो सकता है।
गूगल मैप का आपने भी कभी न कभी इस्तेमाल किया होगा। नए शहर में रास्ते खोजने से लेकर आसपास की जानकारी लेने के लिए हम गूगल मैप्स का खूब इस्तेमाल करते हैं। लेकिन पूरी तरह इसके भरोसे सफर करना हमेशा सही नहीं होता। क्योंकि ऐसा करना आपको हादसे का शिकार तक बना सकता है। एक्सिडेंट के ऐसे कई मामले सामने आए हैं जिसमें गूगल मैप्स के भरोसे चल रहे वाहन चालक ब्रिज से गिरे और उनकी मौत हो गई। जिले में भी कई मार्ग ऐसे हैं। जिनमें जाने के लिए अगर आप गूगल मैप से देखते हैं, तो आपको सही रास्ता दिखेगा, लेकिन अगर असलियत में देखा जाए तो वहां से गुजरना खतरे से खाली नहीं है।
सीन-1
पुल टूटा गूगल मैप पर सब कुछ सही
शहर से कोटरा जाने के लिए रास्ते में चिल्ली पुल पड़ता है। यह पूरी तरह से टूट चुका है। पीडब्ल्यूडी विभाग ने भी इस पुल से लोगों के आवागमन पर रोक लगा दी है। लेकिन अगर आप गूगल मैप के सहारे जाते हैं, तो आपको रास्ता पूरी तरह सही दिखाया जाता है। इससे अगर आप तेज रफ्तार में वाहन लेकर जाते हैं, तो हादसा होने का खतरा बना हुआ है। इससे मैप के सहारे पूरी तरह से न रहें।
सीन-2
गूगल दिखा रहा अधूरा, लेकिन काम हो गया पूरा
कालपी क्षेत्र के जोल्हूपुर मोड पर बन रहा पुल एक तरफ पूरी तरह से बनकर तैयार हो गया है। वहीं इस पुल से लोगों का आवागमन भी पूरी तरह से शुरू हो गया है। लेकिन अगर आप गूगल करते हैं, तो अभी भी पुल को क्षतिग्रस्त दिखाया जा रहा है। इससे बाहर से जिले में आने वाले लोग बिना पूछे इस मार्ग से नहीं आ पाते हैं। क्योंकि गूगल पर इसको अभी भी अधूरा दिखाया गया है।