कदौरा। नगर पंचायत द्वारा हाईवे के किनारे बनाए जा रहे नाला निर्माण पर जल संस्थान की उदासीनता से निर्माण कार्य अधर में लटक गया है। पालिका अधिकारियों का आरोप है कि कई बार सूचना के बाद भी जल संस्थान ने पाइप लाइन का चिन्हीकरण नहीं कराया। जिससे खुदाई के दौरान पाइप लाइन फट जाती है, जिससे न चाहते हुए भी निर्माण कार्य रोकना पड़ता है। पालिका ईओ ने मामले की शिकायत एडीएम प्रमिल कुमार से कर जल संस्थान के कर्मियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की।
गौरतलब है कि सपा शासनकाल में जोल्हूपुर से हमीरपुर तक हाईवे का निर्माण कार्य किया गया था, जिस पर कार्यदाई संस्था ने हाईवे के किनारे जलनिकासी के लिए बने नाले को ध्वस्त कर दिया था। जिससे बरसात के दिनों में हाईवे के किनारे पड़ने वाले पांच सैकड़ा से अधिक मकानों के अंदर पानी भर जाता है। बाशिंदों की इस समस्या के निदान के लिए पालिका तीन करोड़ की लागत से करीब 700 मीटर लंबे नाले का निर्माण करा रहा है।
नाला निर्माण के दौरान ही पंचायत ईओ सुनील कुमार सिंह ने जल संस्थान के अभियंता को चिन्हीकरण के लिए कई बार पत्र लिखा, लेकिन उन्होंने उदासीनता दिखाते हुए पाइप लाइन का चिन्हीकरण नहीं कराया, जिससे खुदाई के दौरान बार-बार पाइप लाइन फटने से जहां निर्माण कार्य रुकता है वहीं बाशिंदों को पेयजल संकट से जूझना पड़ता है। पंचायत ईओ का कहना है कि मामले को लेकर अपर जिलाधिकारी से शिकायत की गई है। उन्होंने बताया कि कई बार जल संस्थान के अधिकारियों को सूचना दे चुके है,ं लेकिन फिर भी जल संस्थान के अधिकारी इस पर ध्यान नहीं दे रहे है।