कोतवाली क्षेत्र के ग्राम औरेखी निवासी राजाराम दोहरे (50) पुत्र रतीराम की मां रामवती का निधन 22 फरवरी को हो गया था। दो दिन पूर्व राजाराम अपनी मां की अस्थियां विसर्जित करने के लिए अपने छोटे भाई ओमप्रकाश व अपने रिश्तेदार शंकर लाल के साथ इलाहाबाद गया था। इलाहाबाद में अस्थियां विसर्जित करने के बाद तीनों लोग गांव लौट रहे थे।
उरई तक सीधी ट्रेन न मिलने के चलते तीनों लोग कानपुर स्टेशन पर रात में उतर गए। कोई ट्रेन न होने पर तीनों वहीं स्टेशन पर सो गए। रात में किसी समय राजाराम की आंख खुल गई और वह किसी ट्रेन में चढ़ गए। उसका भाई और रिश्तेदार स्टेशन पर ही सोते रह गए।
इसी दौरान उनकी की भी आंख खुल गई। साथ में राजाराम को न देख उन्होंने खोजबीन शुरू कर दी। सुबह के समय उनके पास जीआरपी पुलिस का फोन आया कि स्टेशन से कुछ मीटर आगे एक व्यक्ति की ट्रेन से गिरकर मौत हो गई है। उनकी डायरी में यह नंबर मिला है। जब वह मौके पर पहुंचे तो उन्हें राजाराम का शव मिला। इसकी सूचना भाई व रिश्तेदार ने घर पर दी। मां के बाद बेटे की मौत की खबर को सुनकर घर पर कोहराम मच गया। जिसने भी इस घटना के बारे में सुना वह स्तब्ध रह गया।