बोलेरो सवार बदमाशों ने मंगलवार की सुबह एक युवक को पहले सवारी के रूप में
बैठाया और फिर नरछा मंदिर के पास मारपीट कर उससे सोने की चेन, एक मोबाइल की
बैट्री, दस हजार रुपये लूट लिए। पीड़ित एट थाने पहुंचा और लूट की जानकारी
दी। आरोप है कि थानाध्यक्ष एट ने मामला उरई कोतवाली क्षेत्र का होने की
बात कहकर उसे टरका दिया।
झांसी के इलाइट चौराहा स्थित एक होटल में
बतौर मैनेजर काम करने वाला भानू राजपूत मंगलवार की सुबह करीब आठ बजे झांसी
बस स्टैंड पर कानपुर जाने के लिए वाहन का इंतजार कर रहा था। तभी एक बिना
नंबर की बोलेरो आकर रुकी जिसमें पहले से ही तीन युवक बैठे थे। गाड़ी रोक कर
सवारियों के लिए आवाज लगाई तो भानू उसमें बैठ गया। सुबह करीब 9:30 बजे
जब
बोलेरो एट थाना क्षेत्र के नरछा मंदिर के पास पहुंची तो तीनों युवकों ने
उसे गाड़ी में दबोच लिया और मारपीट कर उसके गले में पड़ी करीब चार तोला की
सोने की चेन, पर्स में रखे दस हजार रुपये नगद, मोबाइल की बैट्री लूटकर उसे
गाड़ी से धकिया कर उरई की ओर भाग गए।
वहां से गुजर रहे बाइक सवार से
लिफ्ट लेकर भानू थाने पहुंचा और थानाध्यक्ष वीरेंद्र सिंह को तहरीर दी
लेकिन उन्होंने मामला उरई कोतवाली क्षेत्र का बताया तो पीड़ित वापस झांसी
चला गया। इधर शहर कोतवाल आलोक सक्सेना ने बताया
कि वह दरोगा डीआर भास्कर व
अन्य फोर्स के साथ कोतवाली क्षेत्र की हाइवे सीमा पर गए लेकिन रास्ते में
किसी ने लूट की बात नहीं बताई और न ही कोई पीड़ित उनके पास आया था। नहीं तो
वह निल पर रिपोर्ट दर्जकर कार्रवाई करते, वारदात स्थल तो वादी ही बताता।