कोतवाली क्षेत्र के गांव धमनी बुजुर्ग में बुधवार की सुबह बच्चाें के विवाद के बाद दो पक्ष आमने सामने आ गए। दोनों पक्षाें में जमकर लाठी डंडे चले और एक पक्ष ने फायरिंग कर दी। इससे एक युवक के सिर को छूती हुई गोली निकल गई। इससे वह घायल हो गया। पुलिस ने दो आरोपियाें को भी गिरफ्तार कर लिया। घायलाें की पैरोकारी में पहुंचे सपा नेता सुरेंद्र
मौखरी सेे सीओ अरुण कुमार सिंह से नोकझोंक हो गई। इस पर सीओ ने उन्हें हवालात में डलवा दिया। सूचना पाकर जिले के कई सपा नेता भी कोतवाली पहुंचे और हंगामा किया। काफी देर बाद एसपी के हस्तक्षेप के बाद पुलिस ने सपा नेता को छोड़ा, तब जाकर मामला शांत हो सका। गांव धमनी बुजुर्ग निवासी रामपाल(45) व झल्लू पाल (25) के बच्चे बुधवार की सुबह
करीब सात बजे घर के दरवाजे पर खेल रहे थे। तभी वहां पर गांव के ही मंगल लोधी के बच्चे भी आ गए। किसी बात को लेकर बच्चाें के बीच विवाद हो गया तो वह घर रोते हुए पहुंचे। इस पर मंगल लोधी अपने साथी भरत, रमाकांत व राजू के साथ रामपाल के दरवाजे आया और गालीगलौज करने लगा। जब उसने विरोध किया तो उसने अपने साथियों के साथ रामपाल
के साथ मारपीट कर दी। उसे बचाने आए झल्लू पाल को भी हमलावराें ने पीट दिया। इसी बीच हमलावर मंगल ने तमंचे से फायर कर दिया। गोली रामपाल के सिर को छूते हुई निकल गई। सूचना पाकर यूपी 100 पुलिस गांव पहुंची और घायलों को जिला अस्पताल में भर्ती कराया। सूचना मिलने पर सपा नेता सुरेंद्र मौखरी घायलाें की पैरोकारी करने पहुंचे तो सीओ
अरुण कुमार सिंह से उनकी कहासुनी हो गई। आरोप है कि सीओ ने सपा नेता मौखरी को कालर पकड़कर हवालात में डलवा दिया। जब इसकी जानकारी सपा जिलाध्यक्ष वीरपाल सिंह को
हुई तो वह समर्थकों के साथ कोतवाली पहुंचे और एसपी स्वप्निल ममगेन से बात की। इसके बाद सीओ ने सपा नेता को छोड़ा। सीओ का कहना है कि मारपीट का मामला है। वहां गोली नहीं चली है। सपा नेता अनर्गल दबाव डालकर हत्या के प्रयास की रिपोर्ट दर्ज कराना चाह रहे हैं। वहीं सपा नेता सुरेंद्र मौखरी का कहना है कि वह चुनाव आयोग से सीओ की शिकायत करेंगे।
पहले भी सीओ आफिस बन चुका अखाड़ा
करीब दो साल पहले भी सीओ दफ्तर में सपा नेता मौखरी की कहासुनी तत्कालीन सीओ ओपी सिंह से हो चुकी है। उस वक्त भी सीओ दफ्तर में खासा हंगामा हुआ था।
मौखरी बोले, आरोपियों का पक्ष ले रही थी पुलिस
सपा नेता व पूर्व जिला पंचायत सदस्य सुरेंद्र मौखरी का कहना है कि पुलिस आरोपियों का पक्ष ले रही थी, जिसका उन्होंने विरोध किया था। इससे नाराज सीओ ने उनके साथ अभद्रता की। वे सीओ की शिकायत उच्चाधिकारियों से भी करेंगे।
दो घंटे तक कोतवाली में होता रहा बवाल
सपा नेता को लाकप में डालने की जानकारी हुई तो एक सैकड़ा सपाई कोतवाली पहुंचे और सपा नेता के साथ हुए अभदथ बर्ताव पर रोष जताया । सूचना मिलते ही सपा जिलाध्यक्ष वीरपाल सिंह मौके पर पहुंचे और कार्यकर्ताआें को शांत करने के बाद एसपी से मोबाइल पर बात कर सपा नेता को छुड़ाया।