फर्जी सीबीसीआईडी दरोगा बनकर लोगों से लाखों रुपये की ठगी करने वाले युवक
को स्वाट टीम ने धर दबोचा है। चार दिन पहले पकड़े गए युवक से पुलिस पूछताछ
में पुलिस को कई अहम सुराग हाथ लगे हैं। हालांकि शनिवार देर शाम तक उसकी
गिरफ्तारी के बावत लिखापढ़ी नहीं की गई है।
रामपुरा थाना क्षेत्र के
ग्राम जगम्मनपुर निवासी जितेंद्र सिंह बीते कई सालों से उरई के मोहल्ला
राजेंद्र नगर बंबी रेाड पर एक मकान में किराए पर कमरा लेकर रह रहा था। आरोप
है कि यह युवक फर्जी सीबीसीआईडी दरोगा बनकर लोगों को धमकाता था और उनसे
रुपये ऐंठता था। कई लोगों से नौकरी लगवाने का झांसा देकर भी लाखों की ठगी
कर चुका है। बीते दिनों
नागपुर के बंजारीपुरा निवासी प्रवीण पुत्र गजानन ने
पुलिस अधीक्षक से इस युवक की शिकायत की थी। उसने बताया था कि इस युवक ने
फर्जी सीबीसीआईडी दरोगा बनकर उससे नौकरी लगवाने के नाम पर लाखों रुपये ऐंठ
लिए हैं। मामला गंभीर होने के कारण एसपी एन कोलांचि ने इसकी जांच स्वाट टीम
को सौंप दी थी। चार दिन पहले स्वाट टीम ने जितेंद्र सिंह को उरई में
उसके
कमरे से धर दबोचा। सूत्रों की मानें तो युवक के कब्जे से एक पुलिस की
वर्दी, पिस्टल व बड़ी रकम भी बरामद की गई थी। चार दिन तक युवक से पूछताछ
चलती रही। इसी बीच शनिवार को युवक के पकड़े जाने के मामले का खुलासा हुआ तो
महकमे में चलचल मच गई। स्वाट टीम मामले को रफा-दफा करने में जुट गई। स्वाट
टीम प्रभारी अनुराग चौधरी का कहना है कि युवक को पकड़ा गया है। चुनाव
ड्यूटी में व्यस्त होने के कारण पूछताछ नहीं हो पाई है। जल्द ही मामले का
खुलासा किया जाएगा।