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रेलवे में नौकरी के नाम पर फर्जीवाड़े का आरोप

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जालौन। रेलवे में नौकरी दिलाने के नाम पर ठगी का मामला प्रकाश में आया है। पुलिस ने पीड़ित व्यक्तियों से ठगी के संबंध में साक्ष्य मांगे हैं। कोतवाली प्रभारी देवेंद्र सिंह ने बताया कि मामले की जांच पड़ताल के बाद कार्रवाई की जाएगी।
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अवधेश वर्मा नहटौली, राघवेंद्र सिंह सुलखना, चरन सिंह औरया, पिंटू कुशवाहा गोहन, सुनील, आनंद कुमार, तिरवा, योगेंद्र, शिवम तिवारी, गौरव कुमार, विक्रांत सिंह आदि ने पुलिस को बताया कि मोहल्ला तोपखाना निवासी सुधीर कुमार, सुभाष कुमार, अनिल कुमार, सतीश कुमार व तन्नू उर्फ तरूण कुमार हाल निवास बैरागढ़ भोपाल ने वर्ष 2016 से 2018 के बीच लोगों से रेलवे भर्ती बोर्ड भोपाल में टीसी, एएसएम आदि में गारंटी से नौकरी लगवाने के नाम पर 5-5 लाख रुपये की ठगी की है। उन्होंने बताया कि इन लोगों ने फर्जी वेबसाइट बनाकर उसमें रिक्तियां दिखाईं। इसके बाद सुनियोजित तरीके से फार्म भरवाए गए और अभ्यर्थियों को फर्जी प्रवेश पत्र भी भेजे। फिर एक और झांसी दिया कि रुपये दे दो तो परीक्षा नहीं देनी होगी। लोगों ने रुपये दे दिए। फिर उन्हे ंफर्जी पास की जानकारी भी दी गई। रिजल्ट आने के तक उनसे पांच पांच लाख रुपये ले लिए गए और बाकी तीन लाख रुपये ज्वाइनिंग के बाद लेने की बात कही गई। इसके बाद उन्हें फर्जी नियुक्ति पत्र, मेडिकल लेटर, फर्जी पहचान पत्र दे दिए गए। इसके बाद उन्हें ट्रेनिंग के लिए नागपुर बुलाया गया। जहां उन्हें एक गेस्ट हाउस में ठहराया गया जिस पर लोगों को शक हुआ। जब इस संबंध में रेलवे अधिकारियों से बात की गई तो पता चला कि ऐसी कोई परीक्षा ही नहीं हुई। रुपये वापस मांगने पर आरोपी धमका रहे हैं। कोतवाल ने बताया कि पीड़ितों से मामले के संबंध में जरूरी कागजात मांगे है, जिनकी जांच पड़ताल की जाएगी। वहीं उक्त मामले में पीड़ितों ने सुधीर, सुभाष को पकड़कर पुलिस के सुर्पुद भी किया है, जिनसे भी पूछतांछ की जा रही है।
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रेलवे में नौकरी के नाम पर फर्जीवाड़े का आरोप
कोतवाली पहुंचे ठगी के शिकार, पुलिस कर रही जांच
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