फोटो-26-महिला अस्पताल में मरीजों से जानकारी लेतीं संयुक्त निदेशक। संवाद
राज्य स्तरीय टीम ने महिला अस्पताल व सीएचसी कोंच का किया निरीक्षण
संवाद न्यूज एजेंसी
उरई। लखनऊ से आई संयुक्त निदेशक (मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य) डॉ. शालू गुप्ता के नेतृत्व में चार सदस्यीय टीम ने गुरुवार को जिला महिला अस्पताल समेत विभिन्न फर्स्ट रेफरल यूनिट (एफआरयू) का निरीक्षण किया। संयुक्त निदेशक ने सभी एफआरयू में प्राथमिकता के आधार पर ब्लड स्टोरेज यूनिट स्थापित कर संचालन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए ताकि आपातकालीन प्रसूति सेवाएं मजबूत हों और मातृ मृत्यु दर में कमी लाई जा सके।
उन्होंने एएनएम के कार्यों की समीक्षा करते हुए नियमित गृह भ्रमण, हाई रिस्क गर्भवतियों की समय पर पहचान, प्रभावी फॉलोअप और निर्धारित प्रोटोकॉल के अनुरूप कार्य करने पर जोर दिया। साथ ही मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता, संस्थागत प्रसव, नवजात देखभाल, रेफरल व्यवस्था, अभिलेखों के रखरखाव, स्वच्छता, दवाओं एवं उपकरणों की उपलब्धता में सुधार के निर्देश दिए। महिला अस्पताल के निरीक्षण में लेबर रूम व एसएनसीयू में जाकर निरीक्षण किया और आवश्यक निर्देश दिए। इसके बाद टीम ने कोंच सीएचसी में भी व्यवस्थाएं परखीं।
तकनीकी सहायता इकाई की विशेषज्ञ टीम ने सीएचसी जालौन का निरीक्षण कर मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य सेवाओं की समीक्षा की। टीम में डॉ. रेनू, डॉ. दीक्षा और डॉ. सुरभि शामिल रहीं। विशेषज्ञों ने लेबर रूम, ऑपरेशन थिएटर, ओपीडी, प्रसवोत्तर वार्ड, जनरल वार्ड, एनबीएसयू, लैब और महिला चिकित्सक डॉ. गरिमा सिंह के कक्ष का निरीक्षण किया।