जालौन। पूर्व राष्ट्रपति डॉ. ज्ञानी जैल सिंह व भारत रत्न पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी बाजपेई की जयंती मनाई गई।
डॉ. रामकृपाल पांचाल के आवास पर कुंदनदास पांचाल की अध्यक्षता एवं समिति अध्यक्ष राजकिशोर पांचाल, उपाध्यक्ष अखिलदेव पांचाल की उपस्थिति में गोष्ठी हुई। साहित्यकार डॉ. रामकुमार पांचाल ने कहा कि दोनों महापुरुषों ने अपने जीवन से दिखाया कि जीवन कैसे जीना चाहिए। उन्होंने देशहित में जो कार्य किए हैं वह सराहनीय हैं। भारत रत्न अटल बिहारी बाजपेई भी कवि हृदय रखते थे।
उनकी कविताएं भी समाज को दिशा देने का कार्य करती हैं। अंत में कारगिल युद्ध में सम्मिलित हुए पूर्व सैनिक श्रीप्रकाश पांचाल व रामकृपाल पांचाल को प्रशस्ति पत्र व शॉल ओढ़ाकर सम्मानित किया गया। इस दौरान डॉ. रामकृपाल पांचाल के कविता संग्रह ‘वंदना के स्वर’ का विमोचन भी किया गया। इस मौके पर अखिल भारतीय बढ़ई महासभा के राष्ट्रीय महासचिव मइयादीन, घनश्याम पांचाल, हरिमोहन पांचाल, परमानंद पांचाल, अनिल पांचाल मौजूद रहे। (संवाद)