किसानों ने गोशाला से मवेशियों को निकाला
जालौन। विकास खंड के ग्राम अकोढ़ी दुबे में भोजन पानी की व्यवस्था न होने के कारण गायों की हुई मौत के बाद प्रधान प्रतिनिधि द्वारा गोशाला में बंद गायों को खुला छोड़ दिया गया था। इससे ग्रामीण में आक्रोश बढ़ गया और ग्रामीणों ने इसकी जानकारी एसडीएम को दे दी। प्रशासन को जानकारी होने पर एसडीएम, बीडीओ व कोतवाली पुलिस के साथ मौके पर पहुंचकर गायों को गोशाला में बंद कराया।
बुधवार की रात अकोढ़ी दुबे गोशाला में दो गायों की मौत गई थी। गायों के लिए रहने व खाने पीने की समुचित व्यवस्था न होने के कारण गायों की हुई मौत की खबर प्रकाशित होने बाद प्रधान प्रतिनिधि शिवकुमार ने गोशाला में बंद गायों को खुला छोड़ दिया। जिससे अन्ना जानवर किसानों के खेत में घुसने लगे। प्रधान प्रतिनिधि की शिकायत ग्रामीणों ने एसडीएम से कर दी थी। जिस पर एसडीएम सुनील कुमार शुक्ला, बीडीओ महिमा विद्यार्थी व कोतवाल सुनील सिंह एवं पुलिस फोर्स के साथ गांव में पहुंच गए।
जहां उन्होंने ग्रामीणों व प्रधान प्रतिनिधि से बात की। जिसमें प्रधान प्रतिनिधि ने बताया कि उन्हें चारे पानी के लिए कोई धन नहीं मिल रहा है। एसडीएम ने ग्रामीणों से बातचीत कर समस्या के अस्थाई गोशाला को चलाने में सहयोग करने अपील की। ग्रामीणों ने गोशाला चलाने में सहयोग देने का आश्वासन दिया। इसके बाद खुलवाई गई गोशाला में एसडीएम ने अन्ना पशुओं को पुन: बंद कराया। इस दौरान बालमुकुंद, पुनीत दुबे, नीलू वर्मा, प्रदीप कुमार, महेंद्र सिंह, ब्रजेश पाल आदि रहे।