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किशोरी से दुष्कर्म में सात साल की कैद

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बांदा। 16 वर्षीय किशोरी को बहला-फुसलाकर भगा ले जाने और दुष्कर्म करने के जुर्म में अदालत ने युवक को 7 साल की जेल और 10 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है। जमानत निरस्त कर उसे जेल भेज दिया गया।
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बबेरू कोतवाली क्षेत्र के एक गांव निवासी किशोरी के पिता ने रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि 7 नवबंर 2009 की रात उसकी पुत्री को बबेरू कोतवाली क्षेत्र के पून गांव का महेंद्र शुक्ला पुत्र कामता प्रसाद बहला-फुसलाकर भगा ले गया। पुलिस ने धारा 363, 366, 376 के तहत नामजद रिपोर्ट दर्ज कर विवेचना के बाद अदालत में चार्जशीट दाखिल कर दी। आरोपी को जेल भेज दिया।

प्रथम त्वरित न्यायालय के अपर जिला सत्र न्यायाधीश अनिल कुमार पंचम ने बुधवार को आरोपी युवक को धारा 376 में 7 साल की कैद व 5000 रुपये जुर्माना (जुर्माना अदा न करने पर 3 माह की अतिरिक्त जेल), धारा 366 में 5 वर्ष की जेल व 3000 रुपये जुर्माना (अदा न करने पर 2 माह की अतिरिक्त जेल) और धारा 363 में 3 वर्ष की कैद व 2000 रुपये जुर्माना (अदा न करने पर एक माह की अतिरिक्त जेल) की सजा सुनाई है। सभी सजाएं साथ चलेंगी। जेल में बिताई गई अवधि सजा में समायोजित की जाएगी। अभियोजन पक्ष की ओर से सहायक शासकीय अधिवक्ता वसीम उल्ला खां ने 8 गवाह पेश किए।
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अपहरण और रेप के आरोप से बरी
बांदा। शहर कोतवाली में दर्ज हुए अपहरण व बलात्कार के साढ़े सात वर्ष से अधिक पुराने मामले में अदालत ने दोनों आरोपियों को धारा 363, 366 और 376 में संदेह का लाभ देकर बरी कर दिया। धारा 437-ए में दोनों को 20-20 हजार रुपये के निजी बंधपत्र और इतने ही रकम की दो जमानतें दाखिल करने के आदेश दिए। शहर के व्यक्ति ने बगेहटा/बाबूलाल चौराहा निवासी इमरान उर्फ लालू पुत्र मकसूद और मर्दन नाका निवासी सद्दू अली पुत्र फैज अली के विरुद्ध अपनी बेटी के अपहरण व रेप की रिपोर्ट दर्ज कराई थी।

कहा था कि वह 14 जून 2011 को दोपहर कपड़ों की नाप देने गई थी। तभी उसे ले जाया गया। पुलिस ने विवेचना के बाद कोर्ट में आरोप पत्र दाखिल किया। अभियोजन पक्ष की ओर से तीन गवाह पेश किए गए। बुधवार को पंचम अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश/गैंगेस्टर खलीकुज्जमां ने अभियुक्त इमरान उर्फ लालू को धारा 363, 366 व 376 और अभियुक्त सद्दू अली को धारा 363 व 366 में दोष मुक्त कर दिया।
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