संवाद न्यूज एजेंसी
सिकंदराराऊ। योगेश हत्याकांड के दोनों आरोपियों को पुलिस ने मंगलवार को जेल भेज दिया। मृतक योगेश सिंह का मोबाइल पुलिस ने उसकी प्रेमिका के घर से बरामद कर लिया है। पोस्टमार्टम में हत्या का कारण स्पष्ट पता नहीं चलने पर अब उसकी हड्डी को डीएनए जांच के लिए पुलिस विधि विज्ञान प्रयोगशाला लखनऊ भेजने की तैयार कर रही है।
बता दें कि गांव मनौरा निवासी योगेश सिंह का गिरधरपुर की रहने वाली युवती से प्रेम प्रसंग चल रहा था। इस दौरान युवती की शादी गांव दौलतपुर में हो गई। शादी के बाद भी योगेश का युवती से मिलना जुलना जारी रहा।
युवती का पति अमित बिहार में नौकरी करने के कारण गांव में नहीं रह पाता था। 28 दिसंबर को योगेश युवती से मिलने गांव दौलतपुर पहुंच गया। यह बात युवती के देवर सुमित को नागवार गुजरी तथा उसने मित्र सतीश के साथ मिल कर पीटा तथा गांव के बाहर लाकर बेल्ट से उसका गला दबा हत्या कर डाली।
योगेश के गायब होने की उसके परिजनों ने गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज करा दी। पुलिस का कहना है कि योगेश 28 दिसंबर को गांव दौलतपुर में ही था। शक के आधार पर सुमित तथा सतीश से पूछताछ की तो हत्या का राज खुल गया। पुलिस ने दोनों की निशानदेही पर शव को जमीन से निकलवा लिया। इतने दिन तक जमीन में दबे रहने से योगेश की केवल हड्डियां ही बचीं थी। कोतवाल अशोक कुमार सिंह ने बताया कि अस्थियों की डीएनए जांच होगी।