गांव सोखना को जाने वाले रास्ते पर जलभराव से निकलते लोग।
- फोटो : संवाद
चार साल पहले शहरी क्षेत्र में शामिल सोखना में बिन बारिश के जलभराव रहता है। सड़कें जर्जर हालत में है। अभी तक वहां सीवेज और ड्रेनेज सिस्टम दुरुस्त नहीं हुआ है। कई हैडपंप भी खराब हैं। इस कारण लोगों को मुश्किलों से जूझना पड़ रहा है।
उल्लेखनीय है कि शहर के ज्यादातर इलाकों में समस्याएं हैं। शहर के सोखना में सड़क जगह-जगह जर्जर हालत में है। मार्ग पर बिन बारिश के जलभराव है। जलभराव के चलते लोगों का पैदल चलना मुश्किल हो रहा है। पानी निकासी न होने के कारण पानी खेतों में भर जाता है। इसके अलावा बिजली की लाइनें भी जगह जगह जर्जर हालत में हैं। लोगों को कभी दिन तो कभी रात में बिजली संकट का सामना करना पड़ता है।
मुख्य मार्ग पर जलभराव है। इसकी शिकायत तहसील दिवस में भी की है। इसके बाद भी समस्याआ पर कोई ध्यान नहीं दिया जा रहा है। इस कारण खासी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। - सूरजपाल निवासी, स्थानीय निवासी
मुख्य मार्ग जगह जगह से जर्जर हालत में है। मार्ग पर पैदल चलना मुश्किल हो रहा है।कई हैंडपंप खराब हैं। यह भी ठीक नहीं कराए गए। - खमानीराम, स्थानीय निवासी
अब गर्मी की शुरुआत हो गई है। कई हैडपंप खराब हालत में है। इस कारण पीने के पानी तक के लिए परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। पालिका पेयजल उपलब्ध कराने पर ध्यान नहीं दे रही। - होरीलाल, स्थानीय निवासी
बिजली की लाइनें भी जगह जगह से झूल रही है। इस कारण आए दिन गांव में बिजली संकट रहता है। विभाग द्वारा लाइन को मरम्मत करने पर ध्यान देना चाहिए। ताकि पर्याप्त आपूर्ति मिल सके। - पंकज कुमार, स्थानीय निवासी