हाथरस के वैज्ञानिक रमेशचंद्र वार्ष्णेय का अमेरिका में निधन हो गया। उनको उद्योगपति बिरला ने पुरस्कार देकर कनाडा आगे की पढ़ाई के लिए भेजा। वहां से वह बाद में अमेरिका पहुंच गए।
पांच दशक से अमेरिका में बसे हाथरस के बाबूलाल आर्य सराफ के पुत्र और समाजसेवी शैलेंद्र वार्ष्णेय सराफ के चाचाजी वैज्ञानिक रमेशचंद्र वार्ष्णेय का 29 सितंबर को अमेरिका के कैलिफोर्निया में निधन हो गया।
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रमेशचंद्र वार्ष्णेय ने 60 वर्ष पूर्व राजस्थान के प्लानी से बीटेक किया था। उनको उद्योगपति बिरला ने पुरस्कार देकर कनाडा आगे की पढ़ाई के लिए भेजा। वहां से वह बाद में अमेरिका पहुंच गए। वहां उन्होंने लगभग 20 आविष्कार किए।