जनपद में स्मार्ट मीटर को लेकर विरोध लगातार उग्र होता जा रहा है। तीसरे दिन सोमवार को ओढ़पुरा और सलेमपुर बिजलीघरों पर महिलाओं ने जोरदार प्रदर्शन करते हुए हंगामा किया।
शहर के मोहल्ला खोंड़ा हजारी की महिलाएं अपने-अपने घरों से प्रीपेड स्मार्ट मीटर उखाड़कर ओढ़पुरा बिजलीघर पहुंचीं और वहां जमकर नारेबाजी की। महिलाओं का आरोप है कि प्रीपेड स्मार्ट मीटर अत्यधिक तेजी से चल रहे हैं, जिससे कुछ ही दिनों में रिचार्ज समाप्त हो जाता है और तुरंत बिजली आपूर्ति बंद कर दी जाती है। उन्होंने पुराने सामान्य मीटर दोबारा लगाए जाने की मांग उठाई। अधीक्षण अभियंता अजीत कुमार सिंह का कहना है कि उपभोक्ताओं की शिकायतों की जांच कराई जा रही है और समाधान निकालने का प्रयास किया जाएगा।
प्रीपेड स्मार्ट मीटर के खिलाफ यह विरोध लगातार तीसरे दिन सामने आया है। पहले दिन शनिवार को नवीपुर बिजलीघर पर प्रदर्शन कर आगरा-अलीगढ़ रोड जाम किया गया था। दूसरे दिन रविवार को गिजरौली में महिलाओं ने मीटर उखाड़कर बिजलीघर पर फेंक दिए थे। तीसरे दिन ओढ़पुरा व सलेमपुर में भी यही आक्रोश देखने को मिला। फिलहाल जिले में प्रीपेड स्मार्ट मीटर का विरोध थमता नजर नहीं आ रहा है। आने वाले दिनों में इसके और उग्र होने की आशंका जताई जा रही है।
सलेमपुर में भी भड़का गुस्सा
सोमवार को सलेमपुर बिजलीघर पर भी महिलाओं ने जमकर हंगामा किया। महिलाओं का कहना था कि बिना उपयोग के ही बैलेंस से रुपये कट रहे हैं और बिजली बिल भी अधिक आ रहा है। गांव शोखपुर अजीत की कुछ महिलाएं अपने घरों से प्रीपेड स्मार्ट मीटर उखाड़कर बिजलीघर पहुंचीं और विरोध जताया। मौके पर स्थिति को नियंत्रित करने के लिए पुलिस भी पहुंची। प्रदर्शन कर रहीं महिलाओं ने चेतावनी दी कि यदि समस्या का जल्द समाधान नहीं हुआ तो वे मीटर जमा कर धरना-प्रदर्शन को और तेज करेंगी।
चुनौती बन रही बढ़ती नाराजगी
लगातार हो रहे प्रदर्शनों से साफ है कि उपभोक्ताओं में प्रीपेड स्मार्ट मीटर को लेकर असंतोष बढ़ता जा रहा है। महिलाओं का कहना है कि कई बार शिकायत करने के बावजूद कोई सुनवाई नहीं हुई, जिससे उन्हें सड़कों पर उतरना पड़ रहा है। विद्युत विभाग के लिए यह स्थिति चुनौती बनती जा रही है।
सिकंदराराऊ में नारेबाजी
सिकंदराराऊ। नगर के मोहल्ला भूतेश्वर कॉलोनी में महिलाओं ने जोरदार विरोध प्रदर्शन किया। बिजली के बिलों में अचानक हुई बढ़ोत्तरी पर नाराजगी जताते हुए सरकार और प्रशासन के खिलाफ नारे लगाए। महिलाओं का कहना था कि पहले जहां उनका मासिक बिजली बिल लगभग 700 से 800 रुपये के बीच आता था, अब यह हजारों तक पहुंच गया है।अगर जल्द ही समाधान नहीं किया गया, तो उनका विरोध प्रदर्शन लगातार जारी रहेगा। वे मीटर उखाड़कर सड़क पर उतरने के लिए बाध्य होंगी। संवाद