बिजली विभाग के अधिकारियों ने बिजली आपूर्ति देने के लिए पूर्व में नियमों को ताक पर रख दिया है। स्कूल परिसरों के अंदर व मुख्य द्वार पर ट्रांसफॉर्मर लगे हुए हैं। इनसे हर वक्त हादसे का खतरा बना रहता है। अब गर्मी की शुरुआत के साथ ट्रांसफॉर्मरों पर लोड बढ़ रहा है। ऐसे में स्कूलों के पास लगे ट्रांसफॉर्मर हादसे का सबब बन सकते हैं।
बिजली विभाग द्वारा आपूर्ति के नियमों की अनदेखी करते हुए शहर के बीच रास्तों के अलावा स्कूल परिसर तक में ट्रांसफॉर्मर लगा दिए गए हैं। शहर के प्राथमिक विद्यालय गोशाला में विद्यालय परिसर में ही ट्रांसफॉर्मर लगे हुए हैं। कलवारी में प्राथमिक विद्यालय कलवारी के प्राथमिक विद्यालय के मुख्य द्वार पर ट्रांसफॉर्मर लगा हुआ है। अक्सर इन स्कूलों के बच्चे ट्रांसफॉर्मर के नजदीक होकर ही स्कूल के अंदर आते-जाते हैं। ऐसे में ट्रांसफॉर्मर की वजह से इन बच्चों के साथ हादसा होने की आशंका रहती है।
इस ओर विभागीय अधिकारियों का कोई ध्यान नहीं है। अफसोस की बात तो यह है कि जिस समय यह ट्रांसफॉर्मर लगाए गए थे, उस समय शिक्षा विभाग ने बिजली महकमे को ऐसा करने से रोका ही नहीं। अब यह ट्रांसफॉर्मर बच्चों के अभिभावकों के लिए चिंता का विषय बने हुए हैं। अधिशासी अभियंता अभिषेक सिंह का कहना है कि स्कूल परिसर में ट्रांसफॉर्मर लगे होने का मामला संज्ञान में नहीं है। यदि इस तरह कहीं ट्रांसफाॅर्मर लगे हुए हैं तो एसडीओ व जेई से सर्वे कराने के बाद इन्हें सुरक्षित स्थान पर लगवाने का प्रयास किया जाएगा।