ओवरब्रिज पर 60 फीट की ऊंचाई से गिरने के बाद बाइक सवार जीजा-साले को लोगों ने मृत मान लिया था। इसी दौरान वहां से गुजर रहे चिकित्सक डॉक्टर अवधेश कुमार रुक गए। सीपीआर देकर उनकी थमती सांसे चालू की।
एंबुलेंस पहुंचने में देरी हुई तो अपनी गाड़ी से लेकर उन्हें सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पर पहुंचे, जहां से दोनों को आगरा रेफर कर दिया गया। हालांकि साले शहबाज की जान नहीं बच पाई, लेकिन चिकित्सक अपनी ओर से दोनों की जान बचाने की भरपूर कोशिश की। इनके जाने के बाद एंबुलेंस मौके पर पहुंची। एंबुलेंस पहुंचने में हुई देरी पर लोगों ने हंगामा भी किया।
सादाबाद के मोहल्ला इस्लामनगर निवासी शहबाज एवं के जीजा इमरान उर्फ आशू जलेसर के रहने वाले हैं और आजकल दिल्ली में रह रहे हैं। यह दोनों बुधवार सुबह जलेसर से सादाबाद की ओर आ रहे थे। खाली पड़े ओवरब्रिज पर बाइक की रफ्तार काफी तेज थी। इस दौरान अचानक सड़क पर बने गड्ढे में पहिया पड़ने पर बाइक अनियंत्रित हुई। यह दोनों भी हवा में उछल गए और पुल की रेलिंग के ऊपर से नीचे गिर गए।
महिला के शव का परिजनों ने नहीं कराया पोस्टमार्टम
दूसरे हादसे का शिकार हुई शिवप्रभा पत्नी राजीव अपनी ससुराल अलीगढ़ के गांव मढाका से अपने भाई रोहिताश के कुरावली मैनपुरी में अपने मायके जा रही थी। दोनों बाइक पर सवार थे। इनकी भी बाइक गड्ढे में पहिया पड़ने के बाद उछली तो शिवप्रभा बाइक से गिर गई। परिजन एक निजी चिकित्सक के यहां ले गए, जहां उन्हें मृत घोषित कर दिया गया। परिजन बिना पोस्टमार्टम कराए शव लेकर चले गए।