चमोली में विष्णुगाड-पीपलकोटी जल विद्युत परियोजना की टेल रेस टनल में हुए भूस्खलन में शहर के नवल नगर के रहने वाले दुर्लभ शर्मा (47) की भी मौत हो गई। दुर्लभ हिंदुस्तान कंस्ट्रक्शन कंपनी में सुपरवाइजर थे। शनिवार सुबह उनका शव आते ही परिवार में कोहराम चम गया। रविवार को उनके घर मिलने वालों का तांता लगा रहा।
नवल नगर निवासी बनवारीलाल शर्मा सरकारी विभाग में लेखाधिकारी के पद से सेवानिवृत्त हैं। उनकी पत्नी आशा शर्मा डाकखाने में एजेंट व पूर्व सभासद हैं। बनवारीलाल की पांच संतानों में दुर्लभ शर्मा इकलौते बेटे थे। पिछले कई वर्षों से वे हिंदुस्तान कंस्ट्रक्टशन कंपनी लिमिटेड में कर्मचारी थे।
वर्तमान में वह टीएचडीसी इंडिया लिमिटेड के 444 मेगावाट जल विद्युत परियोजना के तहत टनल में काम कर रहे थे। 13 अगस्त की शाम को हुए हादसे में उनकी मौत हो गई। परिवार को 14 अगस्त की दोपहर को हादसे की जानकारी हुई थी, जिसके बाद परिवार में कोहराम मच गया। नोएडा से बी-टेक कर रहे उनका बेटा व बेटी भी हाथरस आ गए। मां आशा शर्मा व पत्नी सीमा बदहवास हो गईं।
सीमा 13 अगस्त की रात से ही उन्हें फोन मिला रहीं थीं, लेकिन संपर्क नहीं हो पा रहा था। शनिवार की सुबह करीब पांच बजे रिश्तेदार शव लेकर घर पहुंचे। अंतिम दर्शन के दौरान चीत्कार मच गई। परिवार की हालत देख रिश्तेदार व आस-पड़ोसी भी अपने आंसू नहीं रोक सके। इधर, अंतिम संस्कार के बाद पिता की भी हालत बिगड़ गई। रिश्तेदार व करीबी परिवार को सांत्वना दे रहे थे।